जयपुर। महाशिवरात्रि पर रविवार को आराध्य देव गोविंद देवजी मंदिर में फाल्गुनी माहौल में वैष्णव और शैव परंपरा का मिलन देखने को मिलेगा। एक ओर जहां ठाकुर श्रीजी का विधिवत पूजन। राधा-राधा का जयघोष सुनाई देगा। दूसरी ओर यहां सजाई जा रही रचना झांकी में रंग-बिरंगी गुलाल से आदिदेव महादेव और जगतजननी मां पार्वती की रचना झांकी सजाई जाएगी। इसी बीच सुबह नौ से दोपहर बारह बजे तक मंदिर महंत अंजन कुमार गोस्वामी महाराज के सान्निध्य में निशुल्क पंच कुंडीय शिव गायत्री महायज्ञ का आयोजन किया जाएगा।
निशुल्क यज्ञ में सभी श्रद्धालु भगवान भोलेनाथ के विशिष्ट मंत्रों से आहुतियां अर्पित करेंगे। इससे पूर्व आदिदेव महादेव का पूजन किया जाएगा। यज्ञ का संचालन गायत्री शक्तिपीठ के विद्वानों की टोली संपन्न कराएंगी। आचार्य पीठ से शिव परिवार के जीवन दर्शन से शिक्षा पर विशेष उद्बोधन होगा।
एकादशी पर हुआ गोचारण लीला श्रृंगार:विजया एकादशी उत्सव गोविंद देवजी मंदिर में भक्तिभाव से मनाया गया। मंदिर महंत अंजन कुमार गोस्वामी महाराज के सान्निध्य में ठाकुर श्रीजी का पंचामृत अभिषेक कर लाल रंग की पोशाक धारण कराई गई। चंदन और आभूषणों से श्रृंगार किया गया। श्रृंगार झांकी में ठाकुर जी ने गोचारण लीला के अनुरूप दर्शन दिए। बड़ी संख्या में श्रद्धालु ठाकुर जी की विशेष झांकी के दर्शन करने पहुंचे। एकादशी पर मंदिर में गीता पाठ भी हुए। उधर, रचना झांकी में रंग-बिरंगी गुलाल से राधा-कृष्ण की युगल छवि चित्रित की गई।

