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परिजनों ने डांटा तो तीन बहनों ने छोड़ा घर, पुलिसकर्मियों ने तीन घंटे में बच्चियों को खोज निकाला

Three sisters left home when their family scolded them

Three sisters left home when their family scolded them

जयपुर। हरमाड़ा थाना इलाके में परिजनों की डांट पडने पर तीन नाबालिग बहनों ने घर छोड़ दिया। परिजनों ने बच्चियों के लापता होने की जानकारी पुलिस को दी। इस पर पुलिस ने आनन-फानन में बालिकाओं को लेकर सर्च अभियान शुरू किया। बच्चियों की खोज में पचास से अधिक पुलिसकर्मी जुट गए। डॉग स्क्वायड की मदद से पुलिस ने करीब तीन घंटे में बालिकाओं को खोज निकाला। बालिकाएं शुक्रवार शाम को शौच करने के बहाने घर से निकल गई थी। खोजने के दौरान बालिकाएं एक झाड़ी में छिपकर बैठी मिली। पुलिस उपायुक्त जयपुर पष्चिम अमित कुमार ने काउंसलिंग के बाद तीनों बच्चियों को परिजनों को सौंप दिया।

पुलिस उपायुक्त जयपुर पष्चिम अमित कुमार ने बताया कि सनसिटी के पास झुग्गी बस्ती निवासी दिनेश भोपा ने शुक्रवार रात 12 बजे हरमाड़ा थाने में फोन उसकी तीन नाबालिग बेटियों के लापता होने की सूचना दी थी। दिनेश भोपा ने पुलिस को सूचना दी। उसकी बेटियां गोलू (11), नैना (5) और काली (3) शुक्रवार शाम शौच जाने की कहकर निकली थी। इसके बाद तीनों बच्चियां वापस घर नहीं लौटी। घर से निकलने से पहले परिजनों ने किसी बात को लेकर बच्चियों को डांट दिया था। परिचित और रिश्तेदारों के घरों के साथ ही सभी जगह अपने स्तर पर ढूंढने का प्रयास किया। लेकिन बच्चियों का पता नहीं चला। वह गोविंदगढ़ में ड्राइविंग का काम करता है।

उसके पिता दुर्गालाल ने उसे तीनों बच्चियों के गायब होने के बारे में बताया। तीन बच्चियों के लापता होने की सूचना पर डीसीपी अमित कुमार सहित एसीपी चौमूं अशोक चौहान, एसीपी झोटवाड़ा सुरेंद्र राणावत सहित वेस्ट जिले के अफसर मौके पर पहुंच गए। परिजनों ने बच्चियों के बारे में जानकारी जुटाकर रात 12 बजे अंधेरे में ही सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। 50 से ज्यादा पुलिसकर्मियों के साथ डॉग स्क्वायड टीम को भी बुलाकर बच्चियों की तलाश में लगाया गया। रात के अंधेरे में टॉर्च लेकर सर्च पर निकली पुलिस टीम ने करीब 3 घंटे बाद तीनों बच्चियों को ढूंढ निकाला। तीनों बच्चियां घर से करीब 1 किलोमीटर दूर झाड़ियों के बीच बैठी मिली। तीनों बच्चियों को सकुशल ढूंढ निकालने पर पुलिस टीम ने राहत की सांस ली।

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