जयपुर। नवरा़त्रा के अवसर पर श्री राधे रानी प्रभातफेरी मंडल के तत्वावधान में 31वें नवान्ह पारायण महोत्सव में बालकांड की 119 चौपाइयों के पाठ हुए। इस दौरान कार्यक्रम स्थल बिधि हरि हर कबि कोबिद बानी,कहत साधु महिमा सकुचानी….सो मो सन कहि जात न कैसे…जैसी बालकांड की मधुर स्वर लहरियों से गुंजायमान होता रहा।
आयोजन से जुड़े अजय कुमार शर्मा व महेश प्रधान ने बताया कि इस मौके पर व्यासपीठ से रामस्वरूप नाटाणी ने श्रीरामचरित मानस की बालकांड की 119 चौपाइयों का पाठ किए। यह पाठ 251 आसनों पर हुए। इस दौरान कार्यक्रम स्थल साक बनिक मनि गुन गन …देखन मिस मृग बिहग तरु फिरइ बहोरि बहोरि.. निरखि निरखि रघुबीर छबि बाढ़इ प्रीति न थोरि…जथा सुअंजन अंजि दृग साधक सिद्ध सुजान… कौतुक देखत सैल बन भूतल भूरि निधान… सुनि समुझहिं जन मुदित मन मज्जहिं अति अनुराग…जैसी गूंज रही चौपाइयों पर श्रद्धालु झूमते नजर आए।




















