जयपुर। गोपालपुरा बाईपास स्थित शिव शक्ति मंदिर में कृष्णा विहार कॉलोनी में गोस्वामी तुलसीदास जयंती भक्ति भाव से मनाई गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता समाज के आजीवन सदस्य और उद्यमी अश्विनी पांडेय ने की। इस अवसर पर सरयू पारीक ब्राह्मण समाज राजस्थान के तत्वावधान में मंदिर परिसर में शाम 5 बजे सुंदरकांड के पाठ किए गए।
इस अवसर पर समाज के अध्यक्ष ओम प्रकाश त्रिपाठी ने रामायण और रामचरितमानस के अंतर को स्पष्ट किया। उन्होने बताया कि तुलसीदास जी की रचनाओं के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक महत्व है। उपाध्यक्ष एस पीडी मिश्रा ने तुलसीदास जी के जीवन और उनके समाज सुधारक स्वरूप को रेखांकित किया। उन्होंने कहा, तुलसीदास जी की वाणी जीवन के हर क्षेत्र में मार्गदर्शन करती है।
इसे केवल पढ़ने तक सीमित न रखकर, जीवन में आत्मसात करना चाहिए। महिला कार्यकारिणी की भूमिका इस आयोजन में विशेष रूप से सराहनीय रही। महिला मोर्चा की अध्यक्ष, महासचिव और अन्य सदस्यों ने कार्यक्रम को सफल बनाने में योगदान दिया। इस अवसर पर महिला मोर्चा की ओर से महिला सदस्यों का सम्मान भी किया गया। समारोह में समाज के सैकड़ों सदस्य अपने परिवार के साथ शामिल हुए। सभी ने मिलकर सुंदरकांड पाठ में हिस्सा लिया। मंदिर परिसर “जय श्री राम” और “हनुमान चालीसा” के स्वरों से गूंज उठा। पाठ के बाद प्रसाद वितरण और भंडारे का आयोजन हुआ।



















