जयपुर। जयपुर स्थित गुप्त वृन्दावन धाम में नित्यानंद महाप्रभु के आविर्भाव दिवस नित्यानंद त्रयोदशी के अवसर पर भव्य धार्मिक आयोजन किया गया। इस पावन अवसर पर पूरा गुप्त वृन्दावन धाम विशेष रूप से सजाया गया। सुबह से ही श्री श्री कृष्ण-बलराम के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी।
जैसे ही श्री श्री गौर निताई पालकी में विराजमान होकर निकले, भक्तों ने “गौर निताई की जय” के जयकारों से वातावरण को भक्तिरस से सराबोर कर दिया। पूरा मंदिर परिसर भक्ति और उल्लास के रंग में रंगा नजर आया।
नित्यानंद त्रयोदशी के अवसर पर श्री श्री गौर निताई के विग्रह का पंचगव्य, 21 प्रकार के फलों के रस, औषधियों एवं पुष्पों से महाभिषेक किया गया। वहीं श्री श्री कृष्ण-बलराम का विशेष फूलों से अलंकरण किया गया और उन्हें 56 भोग अर्पित किए गए।
गुप्त वृन्दावन धाम में वर्ष के प्रथम आयोजन के रूप में तीन दिवसीय नित्यानंद कथा का आयोजन किया गया। प्राकट्य दिवस पर दिनभर भजन-कीर्तन चलता रहा, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने सहभागिता की।
मंदिर अध्यक्ष श्री अमितासना दास ने बताया कि नित्यानंद महाप्रभु श्री बलराम के अवतार हैं और उनका प्राकट्य दिवस भक्तों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि बलराम की कृपा के बिना श्रीकृष्ण भक्ति की प्राप्ति संभव नहीं है।




















