
जयपुर। जयसिंहपुरा खोर के रोहित नगर स्थित रोहितेश्वर महादेव मंदिर परिसर में बालाजी आयोजन समिति के तत्वावधान में भव्य कलश यात्रा और विराट हिंदू सम्मेलन का आयोजन हुआ। जाटों के बास स्थित तेजाजी मंदिर से प्रारंभ हुई कलश यात्रा रोहितेश्वर महादेव मंदिर तक पहुँची। पूरे मार्ग में ‘जय श्रीराम’ और ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष गूंजते रहे।
समिति अध्यक्ष कल्याणजी सैनी ने बताया कि यात्रा में 1100 महिलाओं (मातृशक्ति) ने सिर पर मंगल कलश धारण कर सहभागिता की। पीले और केसरिया वस्त्रों में सजी महिलाओं ने सांस्कृतिक छटा बिखेरी। जगह-जगह पुष्पवर्षा कर यात्रा का स्वागत किया गया।
कलश यात्रा के पश्चात मंदिर परिसर में विराट हिंदू सम्मेलन आयोजित हुआ, जिसमें संतों और मातृशक्ति का पावन सान्निध्य रहा। मुख्य वक्ता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के क्षेत्रीय प्रौढ़ कार्य प्रमुख कैलाशचंद्र रहे। उन्होंने हिंदू समाज से सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक चेतना को मजबूत करने का आह्वान किया। युवाओं से नियमित मंदिर दर्शन और धर्म-जागरूकता अपनाने की अपील करते हुए उन्होंने जनसांख्यिकीय मजबूती पर भी विचार रखे।
अपने संबोधन में उन्होंने संघ के ‘पंच परिवर्तन’—सामाजिक समरसता, कुटुंब प्रबोधन, पर्यावरण संरक्षण, स्वदेशी जीवनशैली और नागरिक कर्तव्य—पर जोर दिया और कहा कि इन मूल्यों को अपनाकर भारत पुनः विश्वगुरु बन सकता है। कार्यक्रम के अंत में आयोजन समिति ने आगंतुकों व श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक और मातृशक्ति उपस्थित रही।



















