जयपुर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के 100 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में रविवार को छोटी काशी जयपुर के विभिन्न क्षेत्रों—चांदपोल, सीकर रोड, राजापार्क, प्रतापनगर, आदर्श नगर, वैशाली नगर एवं मानसरोवर के अग्रवाल फार्म क्षेत्र—में आयोजित विराट हिंदू सम्मेलनों ने जनमानस में सांस्कृतिक चेतना, सामाजिक समरसता और राष्ट्रभाव का सशक्त संदेश दिया। दिनभर चले आयोजनों में संतों के सान्निध्य, भव्य शोभायात्राएं, कलश यात्राएं, महायज्ञ, महाआरती, भजन-कीर्तन एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से संगठित हिंदू समाज की शक्ति का भव्य प्रदर्शन देखने को मिला।
राजापार्क स्थित श्रीराम मंदिर में श्रीराम बस्ती द्वारा आयोजित विराट हिंदू सम्मेलन गलता पीठाधीश्वर स्वामी सम्पत कुमार अवधेशाचार्य महाराज के सान्निध्य में संपन्न हुआ। सम्मेलन का शुभारंभ परमानन्द भवन से निकली भव्य शोभायात्रा से हुआ, जो राम गलियों से होती हुई पुनः परमानन्द भवन पहुंची।
इस अवसर पर हनुमान चालीसा पाठ, महिला मंडली द्वारा भजन, मातृशक्ति की ओर से भारत माता की महाआरती तथा संतों के प्रेरक आशीर्वचन हुए। इसी क्रम में श्योपुर रोड स्थित चांदनी गार्डन में माधव बस्ती-श्योपुर, प्रतापनगर का विराट हिंदू सम्मेलन आयोजित हुआ, जिसमें संतों के आशीर्वचन, सम्मान समारोह एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने उपस्थित जनसमूह को प्रेरित किया।
आदर्श नगर स्थित आनन्दपुरी पार्क में आयोजित हिंदू सम्मेलन में श्री गलता पीठ के युवाचार्य स्वामी राघवेन्द्राचार्य महाराज मुख्य वक्ता रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ बीस दुकान स्थित कृष्णा मंदिर से गाजे-बाजे के साथ निकली 1100 महिलाओं की भव्य कलश यात्रा से हुआ, जो विभिन्न मार्गों से होती हुई आयोजन स्थल पहुंची। जगह-जगह कलश यात्रा का स्वागत किया गया। मातृशक्ति द्वारा भारत माता की महाआरती, संत आशीर्वचन, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां एवं सम्मान समारोह आयोजित हुए।
चांदपोल बाजार क्षेत्र में गोपीनाथ बस्ती की ओर से आयोजित विराट हिंदू सम्मेलन के अंतर्गत कृष्णा मंदिर, बीस दुकान से निकली 1100 से अधिक मातृशक्ति की कलश यात्रा जयलाल मुंशीजी का रास्ता स्थित पार्क पहुंची। यात्रा के समापन के बाद देशभक्ति एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ प्रेरक उद्बोधन और पुरस्कार वितरण समारोह हुआ।
सीकर रोड स्थित कूकर खेड़ा अनाज मंडी में आयोजित विराट हिंदू सम्मेलन में संगठित हिंदू समाज एवं समर्थ भारत के निर्माण का संकल्प दोहराया गया। सम्मेलन में पंच परिवर्तन—कुटुंब प्रबोधन, पर्यावरण संरक्षण, स्वदेशी आचरण, सामाजिक समरसता एवं नागरिक कर्तव्य—पर विशेष रूप से प्रकाश डाला गया। कवि सम्मेलन सहित विविध कार्यक्रमों ने उपस्थित जनसमूह को प्रेरित किया।
मानसरोवर के अग्रवाल फार्म क्षेत्र की सर्वेश्वर बस्ती में द्वारकादास पुरोहित पार्क में आयोजित विराट हिंदू सम्मेलन का शुभारंभ महिलाओं की भव्य कलश यात्रा से हुआ। इसके पश्चात गायत्री परिवार द्वारा नौ कुंडीय महायज्ञ एवं महाआरती का आयोजन किया गया।
सम्मेलन के मुख्य वक्ता संस्कार भारती के अखिल भारतीय सह-सम्पर्क प्रमुख उल्लास जी एवं चिंतामणि हनुमान मंदिर के महंत मनोहर दास जी रहे। उन्होंने सनातन संस्कृति, सामाजिक समरसता और राष्ट्रबोध पर विचार रखे। कार्यक्रम में प्रबुद्ध नागरिकों और समाजसेवियों का सम्मान किया गया तथा फाग उत्सव और भोजन प्रसादी का आयोजन हुआ।




















