जयपुर। जवाहर कला केन्द्र की अलंकार दीर्घा में केरल की वरिष्ठ चित्रकार डॉ. बीना एस. उन्नीकृष्णन की ट्रैवल एग्जीबिशन की प्रदर्शनी एका द वन का बुधवार को समापन हुआ। प्रदर्शनी में 64 योगिनियों के विभिन्न स्वरूपों को प्रदर्शित किया गया। ये सभी स्वरूप मानव के जीवन के लिए मार्ग प्रशस्त करने वाले, सकारात्मक ऊर्जा से प्रेरित करने वाले नजर आए। अपनी ट्रैवल एग्जीबिशन के बारे में केरल की वरिष्ठ चित्रकार डॉ. बीना एस. उन्नीकृष्णन ने बताया कि जयपुर के जवाहर कला केंद्र में प्रदर्शनी लगाने का अनुभव बेहद सुखद रहा है।
यहां लोगों ने इस प्रयास को काफी सराहा और प्रदर्शनी में दिखाए गए 64 योगिनियों के विभिन्न स्वरूपों की प्रशंसा की। एक कलाकार के लिए कला की प्रशंसा पारितोषिक से कम नहीं होता। जयपुर के बाद 64 योगिनियों के विभिन्न स्वरूपों की यह प्रदर्शनी दिल्ली, ग्वालियर, वाराणसी, कोलकाता, भुवनेश्वर, नागपुर, हैदराबाद, विजयवाड़ा लगाई जाएगी। अगस्त में यह प्रदर्शनी इंटरनेशनल एग्जीबिशन में शामिल होगी।
गौरतलब है कि डॉ. बीना ने 5 सालों में ये 68 पेंटिंग्स तैयार की है। यह कलात्मक यात्रा महात्रिपुरासुंदरी के चित्रण के विचार से आरंभ हुई, जिसने आगे बढ़ते हुए एक व्यापक साधना का रूप ले लिया। यह ट्रैवलिंग एग्ज़िबिशन कोच्चि, कोयंबटूर, बेंगलुरु, मुंबई, भोपाल और अहमदाबाद के बाद जयपुर पहुँची है। यह कलात्मक आध्यात्मिक ट्रैवलिंग एग्जीबिशन 81 दिन की है जो 16 राज्यों से होती हई लगभग 10 हजार किमी का सफर तय करेगी।




















