जयपुर। श्राद्ध पक्ष शुरू होते ही छोटी काशी के विभिन्न स्थानों पर पितरों के निमित्त श्रीमद् भागवत कथाओं का सिलसिला शुरू हो गया है। इसी कड़ी आगरा रोड जामडोली की चिकित्सा सागर कॉलोनी में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा में व्यास पीठ से आचार्य अरुण कृष्ण पाराशर ने सोमवार को श्रीकृष्ण-रुक्मणी विवाह प्रसंग का श्रवण कराया। उन्होंने कहा कि पितृ पक्ष में भागवत कथा का आयोजन पितृों को मोक्ष प्रदान करता है।
भगवान कृष्ण और रुक्मणी के विवाह कथा का प्रसंग श्रवण करने मात्र से वैवाहिक जीवन की कटुता मधुरता में बदल जाती है। इससे पहले गोवर्धन पूजन की कथा हुई। छप्पन भोग की झांकी सजाई गई। आयोजक कैलाश चंद्र शर्मा, सुभाष मिश्रा, जोगेंद्र मित्तल, पूर्व सांसद रामस्वरूप कोली, गायत्री चेतना केंद्र मुरलीपुरा के मनु महाराज, मुकेश शर्मा, प्रमोद, विष्णु शर्मा, राकेश मिश्रा ने व्यास पीठ की आरती उतारी। विष्णु शर्मा ने बताया की कथा का विश्राम 10 सितंबर को होगा।




















