जयपुर। बगरु थाना इलाके में एक शराबी पति ने अपनी पत्नी का गला घोट कर उसे मौत के घाट उतार दिया और हत्या की वारदात को अंजाम देने के बाद पुलिस को चकमा देने के लिए शव के पास बैठ कर जोर-जोर से रोता रहा। पुलिस ने कुछ ही घंटो में वारदात का पर्दाफाश कर आरोपी पति को हिरासत में ले लिया। पुलिस गिरफ्तार आरोपी से हत्या के कारणों की जानकारी जुटाने का प्रयास कर रही है।
थानाधिकारी राजेन्द्र गोदारा ने बताया कि बिहार के मोतिहारी (पूर्वी चंपारण) स्थित कुंडवा चैनपुर के खड़वा निवासी सुशीला देवी (26) की शादी दस पहले रविन्द्र मुखिया (27) से हुई थी। पिछले तीन महीने से दंपती बगरू रीको के कृष्णा विहार कॉलोनी में किराए पर अपने 2 बेटों के साथ रह रहे थे। बगरू रीको में ही सुशीला और रविन्द्र नौकरी करते थे। रविंद्र शराब पीने का आदि था।
13 मार्च को दोपहर में रविन्द्र मुखिया ने सुशीला से झगड़ा किया। मारपीट करने पर सुशीला अपने दोनों बेटों को लेकर कॉलोनी में कुछ दूरी पर स्थित अपनी बहन के घर आ गई। 14 मार्च की सुबह रविन्द्र सुशीला को घर ले जाने के लिए आया। जिसके बाद आरोपी रविंद्र को मृतका की बहन निर्मला और उसके पति विनोद ने झगड़ा नहीं करने के लिए समझाया। दोनो में समझाईश होने के बाद रविंद्र सुशीला के साथ वापास अपने घर पर आ गई। जिसके बाद दोपहर में निर्मला ने सुशीला के मोबाइल पर कॉल किया।
लेकिन सुशीला ने फोन नहीं उठाया। तो 4 बजे निर्मला घर पहुंची। वहां पर सुशीला का शव फर्श पर पड़ा देख वो हैरान रहे गई। सुशीला के सिर से खून बह रहा था। गले में चुन्नी की गांठ लगी हुई थी। चीख-पुकार की आवाज सुन आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और मामले की जानकारी पुलिस को दी।
हत्या की सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने रविंद्र के मोबाइल पर कॉल करके बुलाया। रविंद्र कुछ ही देर में शराब के नशे में धुत होकर घर पहुंचा और सुशीला के शव के पास बैठकर रोने का नाटक करने लगा। पुलिस ने आरोपी रविंद्र का नशा उतरने के बाद सख्ती से पूछताछ की तो आरोपी ने सुशीला की हत्या करने स्वीकार कर लिया।जिसके बाद पुलिस ने आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिवार वालों को सौंप दिया।




















