विशेष इंतजामों के बीच कैलाश मानसरोवर यात्रा के बॉर्डर पर कई जगह स्वागत

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Kailash Mansarovar Yatra welcomed at many places on the border amid special arrangements
Kailash Mansarovar Yatra welcomed at many places on the border amid special arrangements

जयपुर। कैलाश मानसरोवर यात्रा को दिल्ली से भोलेनाथ के जयकारा के बीच रवाना किया गया। इस मौके पर पूजा के बाद सभी को माला पहनकर यात्रा का शुभारंभ किया गया। रास्ते में भी जगह-जगह यात्रियों का माला पहनाकर स्वागत किया गया। सभी ने शाम को उत्तराखंड टनकपुर में प्रवेश किया। वहां टूरिस्ट सेंटर पर सभी का पारंपरिक ढंग से स्वागत किया गया। यात्रा में शामिल सबसे वरिष्ठ यात्री राजस्थान के राजेश नागपाल ने बताया कि टनकपुर में पारंपरिक तरीके से तिलक लगाकर माल्यार्पण कर और लोकगीत गाकर स्वागत किया गया।

रात्रि विश्राम टनकपुर टूरिस्ट सेंटर पर हुआ। वहां लिपुलेख से जाने वाले प्रथम बैच के सभी यात्रियों के लिए सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया था। तीर्थ यात्री नरेंद्र बैद के अनुसार उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर धामी कैलाश मानसरोवर जाने वाले सभी यात्रियों से मिले एवं उनका रुद्राक्ष की माला पहनकर एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। पुष्कर धामी ने सभी यात्रियों के साथ नाश्ता किया एवं उन्हें बताया पहले लिपुलेख से जाने वाली यात्रियों को 100 किलोमीटर पैदल चलना पड़ता था और वह पैदल का रास्ता 7 दिन में पूरा हो पाता था ।

यह प्रथम बैच है जो पूरे लिपुलेख तक बस द्वारा यात्रा करेगा। उन्होंने कहा राज्य सरकार और केंद्र सरकार के सहयोग से लिपुलेख तक सड़क बना दी गई है। इससे अब यात्रियों के सात दिन बचेंगे और उन्हें पैदल लगभग 100 किलोमीटर ही चलना पड़ेगा। इसके बाद मुख्यमंत्री पुष्कर धामी ने यात्रियों की तीन बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

उत्तराखंड पुलिस की एक एस्कॉर्ट्स यात्रियों की बसों के साथ चल रही। दोपहर का लंच पिथौरागढ़ के कैलाश मानसरोवर हाउस में किया। उसके बाद सभी यात्रियों को बस द्वारा गंजी ले जाया गया। रास्ते में आईटीबीटी ने भी यात्रियों का स्वागत किया।

राजेश नागपाल के अनुसार इंडो तिब्बत बॉर्डर पुलिस के आईजी संजय गुंजियाल और विदेश मंत्रालय के पवन पाल लाइजन अफसर के रूप में साथ है। सभी यात्रियों को पूरी तरह सुरक्षा प्रदान कर रहे हैं। उत्तराखंड पुलिस की गाड़ियां तीनों बसों को एस्कॉर्ट कर रही है।

यात्रियों का पिथौरागढ़ पहुंचने पर भाव विभोर कर देने वाला विशेष स्वागत किया गया और वहां के लोक कलाकारों द्वारा नृत्य गायन कर सांस्कृतिक कला का प्रदर्शन किया गया। वहां सभी यात्रियों को मनभावक भोजन दिया गया जिसमें वहां का स्थानीय अनेक प्रकार की सब्जियां शामिल थी। नागपाल के अनुसार यात्रा सुबह जल्दी आगे के लिए रवाना होगी।

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