जयपुर। शारदीय नवरात्र इस बार 9 की जगह 10 दिन के होगे। ज्योतिष गणना के अनुसार नवरात्रों की एक तिथि बढ़ना काफी शुभ माना जा रहा है। नवदुर्गा मंदिरों में इस बार शारदीय नवरात्रों की पूजा 10 दिन होगी। इस बार नवरात्रों में तृतीय तिथि दो दिनों 24 और 25 सितंबर तक रहेगी। तिथि बढ़ने के कारण नवरात्रों का समापन दिवस के दिन ही दशहरा मनाया जाएगा।
ज्योतिषाचार्य राजेंद्र शास्त्री के अनुसार अश्विन माह के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा 22 सितंबर को रात 1:23 बजे से प्रारंभ होकर 23 सितंबर को रात 2:55 बजे तक रहेगी। इसके कारण एक नवरात्र दिवस बढ़ेगा।
हाथी पर सवार होकर आएगी माता , अन्न -धन में होगी वृद्धि
ज्योतिषचार्य राजेंद्र शास्त्री ने बताया कि इस बार नवरात्र सोमवार से प्रारंभ हो रहे हैं। इसलिए माता दुर्गा का वाहन हाथी रहेगा। पुरातन धार्मिक मान्यता है कि हाथी पर माता का आगमन सुख-समृद्धि, शांति और भरपूर वर्षा का प्रतीक होता है। इससे राज्य और देश में अन्न-धन की वृद्धि और समृद्धि का संकेत मिलता है। जो सभी के शुभ मंगल दायक होगा।
अधिकमास के चलते 10 दिन पहले आ रहे है प्रमुख त्यौहार
वर्ष – 2023 में अधिकमास था और अगला अधिकमास वर्ष 2026 में आएगा। जो 17 मई से 15 जून तक रहेगा। इसी कारण इस बार श्रावण मास 11 जुलाई से शुरु हुआ था। जो 8 अगस्त तक रहा। जबकि गत बार 22 जुलाई से प्रारंभ हुआ था। गत वर्ष की तुलना में इस बार सभी प्रमुख त्यौहार जल्दी आ रहे है। इसमें गणेश चतुर्थी,अनंत चतुर्थदशी,सर्व पितृ अमावस्या,नवरात्र ,दशहरा और दीपावली गत वर्ष की अपेक्षा 10 दिन पहले आ रहें है।
नवरात्र का क्रम:
22 सितंबर (सोमवार) – प्रतिपदा
23 सितंबर (मंगलवार) – द्वितीया
24 सितंबर (बुधवार) – तृतीया
25 सितंबर (गुरुवार) – तृतीया
26 सितंबर (शुक्रवार) – चतुर्थी
27 सितंबर (शनिवार) – पंचमी
28 सितंबर (रविवार) – षष्ठी
29 सितंबर (सोमवार) – सप्तमी
30 सितंबर (मंगलवार) – अष्टमी
01 अक्टूबर (बुधवार) – नवमी
02 अक्टूबर (गुरुवार) – दशहरा