जयपुर। पश्चिमी विक्षोभ के असर से राजस्थान में शुक्रवार को मौसम ने अचानक करवट ले ली। राजधानी जयपुर में दिनभर बादल छाए रहे, जबकि प्रदेश के कई जिलों में तेज बारिश और ओलावृष्टि दर्ज की गई।
श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, जैसलमेर और बीकानेर में तेज बारिश के साथ भारी ओले गिरे, जिससे फसलों को नुकसान हुआ। श्रीगंगानगर के अर्जुनसर व राजियासर क्षेत्र में दोपहर बाद तेज आंधी के साथ शुरू हुई बारिश ने कुछ ही देर में ओलावृष्टि का रूप ले लिया। ओले इतनी मात्रा में गिरे कि खेतों व सड़कों पर सफेद चादर बिछ गई। किसानों की गेहूं सहित अन्य फसलों को नुकसान पहुंचा है।

जैसलमेर के नाचना, बीकानेर और हनुमानगढ़ में भी ओलावृष्टि हुई, जबकि अजमेर व सीकर-नागौर क्षेत्रों में बारिश दर्ज की गई। चूरू के सरदारशहर में तेज आंधी से धूल का गुबार छा गया।
मौसम विभाग के अनुसार बीकानेर, जोधपुर, जयपुर, अजमेर, भरतपुर, कोटा और उदयपुर संभाग में कहीं-कहीं 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से आंधी, मेघ गर्जन व बारिश के साथ ओलावृष्टि की संभावना है।

मौसम केंद्र जयपुर ने 4 अप्रैल को भी जयपुर सहित कई संभागों में तेज आंधी-बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट जारी किया है। 5-6 अप्रैल को गतिविधियों में कमी आने की संभावना है, जबकि 7 अप्रैल से एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से मौसम फिर बिगड़ सकता है।
मौसम विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि तैयार फसल और खुले में रखे अनाज को सुरक्षित स्थान पर रखें, ताकि बारिश व ओलावृष्टि से नुकसान से बचा जा सके।




















