जयपुर। लालकोठी स्थित एसआरके ग्रुप ऑफ हॉस्पिटल के चिकित्सकों ने 40 वर्षीय पुरूष मरीज के गाल की चमडी से उसकी पेशाब नली का निर्माण कर उसे पेशाब की समस्या से निजात दिलाने में सफलता हासिल की है। दरअसल डायग्नोसिस में सामने आया कि मरीज के पेशाब के रास्ते में 7 से 8 सेमी. दूरी तक नली सिकुडी हुई थी, जिसके चलते पेशाब की कमजोर धार, बार-बार पेशाब आना, इनफेक्शन, पेट दर्द जैसी समस्याओं से मरीज जूझ रहा था।
इसके बाद सीनीयर यूरोलॉजिस्ट डॉ. राकेश शर्मा के निर्देशन में यूरोलॉजिस्ट डॉ. रोहित सोनी समेत अन्य चिकित्सकों की टीम ने मिलकर मरीज का बीएमजी (बकल म्यूकोजल ग्राफ) यूरोथ्रोप्लास्टी प्लान किया। डॉ. शर्मा ने बताया कि बीएमजी मूत्रमार्ग के संकुचन के इलाज के लिए की जाने वाली प्रमुख सर्जिकल प्रक्रिया है, इस में मरीज के गाल की अंदर की ओर से चमडी लेकर पेशाब की नई नली का निर्माण किया गया एवं प्रभावित इलाके में इसे लगाकर सिकुडन की समस्या को ठीक किया गया।
उन्होंने बताया कि 7 से 8 सेमी. की रूकावट होने के कारण ऑपरेशन जटिल था, ऐसे में करीब तीन घंटे तक का समय लगा एवं एक्सपर्ट चिकित्सकों की टीम एवं अस्पताल में अत्याधुनिक सुविधाओं के चलते यह ऑपरेशन पूरी तरह सफल रहा। उन्होंने बताया कि मरीज को डिस्चार्ज कर दिया गया एवं उसकी पेशाब संबंधित कोई भी समस्या नहीं है।




















