जयपुर। छोटीकाशी में पुरुषोत्तम मास के उपलक्ष्य में विभिन्न धार्मिक स्थलों पर आयोजित की जा रही कथाओं और धार्मिक अनुष्ठानों का सोमवार को विश्राम हो गया। इसी कड़ी में विद्याधर नगर सेक्टर-2 स्थित उत्सव सामुदायिक केन्द्र में चल रहे श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान यज्ञ का भी सोमवार को भावपूर्ण समापन हुआ। कथा के समापन के बाद अब मंगलवार 16 जून को भव्य हवन का आयोजन किया जाएगा।
राजकुमारी शर्मा की पुण्यतिथि के अवसर पर विक्रम नाथ महाराज (पालवास वाले) के सान्निध्य में और विश्वास दरबार के तत्वावधान में आयोजित इस कथा के अंतिम दिन श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। वृंदावन धाम से पधारे सुप्रसिद्ध कथावाचक अनिल कृष्ण शास्त्री महाराज ने कथा के अंतिम दिन नव योगेश्वर संवाद, कलियुग वर्णन, सुदामा चरित्र और राजा परीक्षित के मोक्ष की कथा का अत्यंत मार्मिक वर्णन किया।
श्रद्धालुओं को कथा का रसपान कराते हुए शास्त्री महाराज ने कहा:- कलियुग के इस दौर में सांसारिक बंधनों और भवसागर से पार उतरने के लिए भगवान का नाम जप ही एकमात्र साधन और नाव है। मनुष्य को अपने व्यस्त जीवन में से समय निकालकर अधिक से अधिक नाम सुमिरन करना चाहिए, यही मोक्ष का मार्ग है।
कथा प्रसंग के दौरान सुदामा चरित्र को सुनकर पंडाल में मौजूद कई श्रद्धालुओं की आँखें सजल हो उठीं। आयोजन से जुड़े विमल सोनी ने बताया कि पुरुषोत्तम मास के इस पावन समापन पर मंगलवार, 16 जून को यज्ञशाला में विशेष हवन-पूजन का आयोजन किया जाएगा, जिसमें सभी यजमान और श्रद्धालु आहुतियां देकर क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना करेंगे।



















