जयपुर। श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना ने रविवार को जयपुर में प्रदर्शन कर सुखदेव सिंह गोगामेड़ी हत्याकांड में सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगाया। संगठन ने हत्यारों को फांसी की सजा दिलाने, एनआईए से निष्पक्ष जांच कराने सहित विभिन्न मांगों को लेकर आक्रोश जताया।
संगठन पदाधिकारियों ने बताया कि दिसंबर 2023 में जयपुर के श्याम नगर क्षेत्र में दिनदहाड़े घर में घुसकर गोगामेड़ी की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस घटना में नवीन सिंह और निजी सुरक्षा कर्मी अजीत सिंह की भी मौत हो गई थी। घटना के बाद पूरे देश में राजपूत समाज सहित सर्व समाज में आक्रोश व्याप्त था। उस समय सरकार और समाज के प्रतिनिधियों के बीच हुई वार्ता के बाद समाज ने विश्वास जताते हुए शांति बनाए रखी, लेकिन लंबे समय बाद भी कई प्रमुख मांगें अधूरी हैं।
प्रदर्शन के दौरान अजीत सिंह की पत्नी रेनू कंवर ने कहा कि घटना को करीब ढाई वर्ष बीत चुके हैं, लेकिन अभी तक दोषियों को सजा नहीं मिली है। उन्होंने हत्यारों को फांसी देने के साथ ही सरकार द्वारा किए गए वादों—सरकारी नौकरी, सुरक्षा और मुआवजा—को पूरा करने की मांग की।
करणी सेना के प्रदेश अध्यक्ष उजागर सिंह डाबला ने आरोप लगाया कि सरकार उनकी प्रमुख मांगों से पीछे हट रही है। उन्होंने कहा कि गोगामेड़ी की पत्नी शीला शेखावत की सुरक्षा बढ़ाई जाए, अजीत सिंह की पत्नी को सरकारी नौकरी व मुआवजा दिया जाए और एसआईटी का गठन किया जाए। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि हमले की आशंका को लेकर पहले ही चेतावनी दी गई थी, बावजूद इसके सुरक्षा नहीं बढ़ाई गई।
करणी सेना ने ज्ञापन के माध्यम से सरकार के समक्ष मांगों में कहा कि इस मामले में एसआईटी का गठन हो,शीला शेखावत की सुरक्षा बढ़ाना,चैन सिंह को पुनः सुरक्षा देना,अजीत सिंह की पत्नी को सुरक्षा प्रदान करना,अजीत सिंह की पत्नी को फर्स्ट ग्रेड टीचर के पद पर नियुक्ति देना,उचित मुआवजा प्रदान करना और प्रदेश अध्यक्ष को सुरक्षा उपलब्ध कराना सहित प्रमुख मांगें रखी।
संगठन ने स्पष्ट किया कि समाज अब तक सरकार के आश्वासनों पर कायम रहा है, लेकिन अब ठोस कार्रवाई की अपेक्षा है। साथ ही चेतावनी दी कि जब तक मांगें पूरी नहीं होंगी, आंदोलन जारी रहेगा और जरूरत पड़ने पर मुख्यमंत्री का घेराव भी किया जाएगा।




















