आयुष्मान आईपीडी टावर को लेकर तेज़ हुई तैयारी: दिसंबर-जनवरी से शुरू होंगी सेवाएं

0
49
Preparations for the Ayushman IPD Tower Intensify: Services to Begin in December-January
Preparations for the Ayushman IPD Tower Intensify: Services to Begin in December-January

जयपुर। सवाई मानसिंह मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने आयुष्मान आईपीडी टावर के निर्माण और संचालन को लेकर तैयारियां तेज कर दी हैं। परियोजना को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए मेडिकल कॉलेज प्रशासन और जेडीए अधिकारियों के बीच लगातार मैराथन बैठकों का दौर जारी है। जिससे दोनों एजेंसियों के बीच समन्वय भी मजबूत हुआ है।

मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. दीपक माहेश्वरी ने बताया कि इस महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए स्पष्ट डेडलाइन तय की गई है। योजना के अनुसार दिसंबर-जनवरी में कुछ विभागों को शुरू किया जाएगा। शुरुआती चरण में टावर की 3 से 4 मंजिलों को चालू करने की तैयारी है, जिससे मरीजों को जल्द राहत मिल सके।

करीब 1200 बेड क्षमता वाले इस आईपीडी टावर में पहले चरण में लगभग 200 बेड तैयार किए जाएंगे। साथ ही ओपीडी सेवाएं और आवश्यक जांच केंद्र शुरू करने की भी योजना है। टावर का इंटीरियर कार्य अंतिम चरण में है और इसे आधुनिक सुविधाओं से लैस किया जा रहा है।

मेडिकल कॉलेज प्रशासन का मानना है कि टावर शुरू होने से अस्पताल में मरीजों का दबाव कम होगा और स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार आएगाइधर सवाई मानसिंह अस्पताल में तैयार हो चुका अत्याधुनिक कार्डियक सेंटर अभी भी उद्घाटन का इंतजार कर रहा है। जनवरी के अंतिम सप्ताह तक इसे शुरू करने की योजना थी, लेकिन अब तक संचालन शुरू नहीं हो पाया है।

प्रिंसिपल डॉ. माहेश्वरी ने बताया कि यह सेंटर लगभग तैयार है और जल्द आवश्यक मशीनों की इंस्टॉलेशन पूरी कर इसे चालू किया जाएगा। उन्होंने दावा किया कि सरकारी क्षेत्र में इस स्तर का हाईटेक कार्डियक सेंटर देश में पहला होगा।

इस सेंटर में एंजियोग्राफी, एंजियोप्लास्टी समेत हृदय रोगों की सभी जांच और इलाज की सुविधा एक ही छत के नीचे उपलब्ध होगी। साथ ही 2डी ईको, टीएमटी, होल्टर, आइसोटोप लैब, आधुनिक आईसीयू और इमरजेंसी सेवाएं भी उपलब्ध रहेंगी। कैथ लैब की संख्या बढ़ने से मरीजों का वेटिंग पीरियड भी कम होने की उम्मीद है।

मेडिकल कॉलेज प्रशासन का कहना है कि हार्ट मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए इस सेंटर का जल्द शुरू होना बेहद जरूरी है, जिससे मरीजों को समय पर और बेहतर उपचार मिल सके।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here