जयपुर। जलझूलनी एकादशी के पावन अवसर पर मंगलवार को दुर्गापुरा स्थित मंदिर श्री राधामोहन जी एवं श्री सीताराम जी से भव्य जलझूलनी डोल यात्रा निकाली गई। बैंड-बाजों, धार्मिक झांकियों और भगवान के जयकारों के साथ निकली यात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। पूरे मार्ग में भक्ति और उत्साह का माहौल बना रहा।
डोल यात्रा राधामोहन जी मंदिर से रवाना होकर दुर्गापुरा बाजार, डालडा फैक्ट्री रोड, दुर्गा विहार, कुम्हारों का मोहल्ला, राजपूतों का मोहल्ला, ग्रीन नगर, अर्जुन नगर, श्रीजी नगर एवं रॉयल ऑर्किड होटल होते हुए टंकी वाले हनुमान जी मंदिर पहुंची। यहां डोल यात्रा मेले में शामिल हुई।
यात्रा के दौरान धार्मिक परंपराओं की झलक भी देखने को मिली। नवप्रसूता महिलाएं अपने नवजात शिशुओं को लेकर भगवान के डोल के नीचे से निकलीं और बच्चों के सुख, स्वास्थ्य एवं मंगलमय जीवन की कामना की।
ग्रीन नगर स्थित खाटूश्याम जी मंदिर में विशेष धार्मिक परंपरा के तहत यशोदा जी के पोतड़े धोने की रस्म हुई। इसके बाद मंदिर में विधिवत आरती की गई। इसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर भगवान के दर्शन किए।
डोल यात्रा के मार्ग में विभिन्न स्थानों पर स्थानीय श्रद्धालुओं एवं धर्मप्रेमी लोगों ने फूलों की वर्षा कर स्वागत किया। यात्रा में शामिल भक्तों के लिए जगह-जगह सेवा एवं जलपान की व्यवस्था की गई। श्रद्धालुओं को मिल्क रोज, नींबू शिकंजी, मैंगो फ्रूटी सहित विभिन्न शीतल पेय वितरित किए गए।
बैंड-बाजों, धार्मिक झांकियों और जयकारों के बीच निकली डोल यात्रा से दुर्गापुरा क्षेत्र भक्तिमय हो उठा। मार्ग में श्रद्धालुओं ने भगवान के डोल के दर्शन कर पूजा-अर्चना की और परिवार की सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की।
मंदिर के महंत जगदीश शर्मा ने बताया कि जलझूलनी एकादशी पर आयोजित डोल यात्रा वर्षों से चली आ रही धार्मिक परंपरा का हिस्सा है। आयोजन में श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों का विशेष सहयोग रहा।



















