एसआई भर्ती पेपर लीक: मास्टरमाइंड के लिए प्रश्न पत्र हल करने वाला सहायक आचार्य गिरफ्तार

0
52

जयपुर। राजस्थान पुलिस के स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने उप निरीक्षक भर्ती परीक्षा-2021 के बहुचर्चित पेपर लीक मामले में फरार चल रहे सहायक आचार्य मनोहर लाल मांजू (36) निवासी जालोर को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि उसने पेपर लीक गिरोह के सरगना जगदीश विश्नोई के साथ बैठकर परीक्षा से पहले दोनों पारियों के प्रश्नपत्र हल किए थे। आरोपी की गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपए का इनाम घोषित था। अदालत ने उसके खिलाफ स्थायी गिरफ्तारी वारंट भी जारी कर रखा था।

आरोपित सिरोही जिले के आबूरोड स्थित सेठ मंगलचंद राजकीय महाविद्यालय में लोक प्रशासन विषय का सहायक आचार्य है। जिसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे 28 अक्टूबर 2026 तक पुलिस अभिरक्षा में भेज दिया गया। इस मामले में अब तक 157 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।

एसओजी के अतिरिक्त महानिदेशक विशाल बंसल के अनुसार पुलिस थाना एसओजी में दर्ज प्रकरण की जांच में सामने आया कि 14 सितंबर 2021 को आयोजित उप निरीक्षक भर्ती परीक्षा की दोनों पारियों के प्रश्न पत्र परीक्षा से पहले लीक किए गए थे। जांच के अनुसार गिरोह के सरगना जगदीश विश्नोई ने अपने सहयोगी पंकज चौधरी उर्फ यूनिक भाम्बू, शिवरतन मोट और अन्य के साथ मिलकर जयपुर के शांतिनगर, हसनपुरा स्थित रविंद्र बाल भारती सीनियर सेकेंडरी स्कूल से प्रश्नपत्र लीक किया था।

जांच में सामने आया कि ओमप्रकाश ढाका से हुए सौदे के अनुसार, मनोहर लाल ने अन्य पेपर सॉल्वर प्रवीण विश्नोई, प्रवीण परावा, राजीव बिश्नोई और अन्य के साथ मिलकर जयपुर के रंगोली गार्डन स्थित एक फ्लैट में जगदीश विश्नोई के साथ बैठकर परीक्षा से पहले दोनों पारियों के प्रश्नपत्र हल किए थे। इसके बाद जगदीश विश्नोई ने हल किए गए प्रश्नपत्र व्हाट्सएप के जरिए अपने गिरोह के सदस्यों तक पहुंचाए।

आरोप है कि गिरोह के सदस्यों ने अभ्यर्थियों से सौदा कर उन्हें प्रश्नपत्र पढ़वाए। इस तरह अनुचित तरीके से परीक्षा पास करवाकर अभ्यर्थियों का उप निरीक्षक पद पर अंतिम चयन करवाया गया।

एसओजी के अनुसार गिरफ्तारी से बचने के लिए मनोहर लाल मांजू लंबे समय से फरार चल रहा था। अदालत ने 22 अप्रैल 2025 को उसके खिलाफ स्थायी गिरफ्तारी वारंट जारी किया था। एसओजी ने उसकी गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था। इस प्रकरण में सह-आरोपी प्रवीण परावा अब भी फरार है।

एसओजी के अनुसार प्रकरण में जगदीश विश्नोई के खिलाफ आरोप पत्र तथा राजीव विश्नोई, प्रवीण विश्नोई और ओमप्रकाश ढाका के खिलाफ पूरक आरोप पत्र न्यायालय में पेश किए जा चुके हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here