जयपुर। फरीदाबाद की 10 वर्षीय आरशी गुप्ता ने मोटरस्पोर्ट्स में इतिहास रचते हुए एफएमएससीआई रोटैक्स मैक्स चैलेंज इंडियन नेशनल कार्टिंग चैंपियनशिप 2026 की मिनी मैक्स श्रेणी का खिताब जीत लिया। अपने 10वें जन्मदिन पर मिली इस उपलब्धि के साथ वह इस श्रेणी का खिताब जीतने वाली दुनिया की सबसे कम उम्र की रेसर बन गईं। आरशी ने 2025 में माइक्रो मैक्स श्रेणी का खिताब भी जीता था। इस तरह उन्होंने लगातार दो वर्षों में दो क्रमिक श्रेणियों में राष्ट्रीय चैंपियनशिप अपने नाम की।
चैंपियनशिप के पांचवें दौर की अंतिम रेस में आरशी ने लगातार आठ बार सबसे तेज लैप समय दर्ज कर ट्रैक रिकॉर्ड बनाया। लड़के और लड़कियों की संयुक्त प्रतिस्पर्धा में वह एशिया की एकमात्र महिला राष्ट्रीय कार्टिंग चैंपियन बनी हुई हैं। अब वह नवंबर में पुर्तगाल में होने वाले रोटैक्स मैक्स चैलेंज ग्रैंड फाइनल्स 2026 की मिनी मैक्स श्रेणी में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी। इस प्रतियोगिता में भारत मिनी मैक्स, जूनियर मैक्स और सीनियर मैक्स सहित तीन श्रेणियों में हिस्सा लेगा।
आरशी के माता-पिता डॉ. दीप्ति गुप्ता और अंचित गुप्ता ने उनकी सफलता का श्रेय कड़े अभ्यास, जुनून और लगातार मेहनत को दिया। उनके अनुसार, आरशी ने 2025 में 137 दिन ट्रैक पर अभ्यास किया और 29 रेस में भाग लिया, जबकि 2026 में अब तक 140 दिन अभ्यास कर 30 रेस में हिस्सा ले चुकी हैं। उन्होंने संयुक्त अरब अमीरात में पांच महीने और ब्रिटेन में 13 सप्ताह प्रशिक्षण लिया। पढ़ाई के साथ अभ्यास का संतुलन बनाते हुए आरशी भारत, संयुक्त अरब अमीरात, ब्रिटेन, श्रीलंका और फ्रांस के 21 रेसिंग सर्किटों पर अभ्यास और प्रतिस्पर्धा कर चुकी हैं।
भारत में उनके कोच रोहित खन्ना और ब्रिटेन के कोच डेविड बेलचैम्बर्स ने उनके अनुशासन, प्रतिभा और दृढ़ संकल्प की सराहना की। डीपीएस फरीदाबाद की प्रधानाचार्य बनीता सिंह ने भी आरशी की उपलब्धि पर गर्व जताते हुए कहा कि वह पढ़ाई और अंतरराष्ट्रीय रेसिंग के बीच शानदार संतुलन बनाती हैं।
आरशी एफ1 अकादमी के ‘डिस्कवर योर ड्राइव’ कार्यक्रम के लिए चुनी जाने वाली दुनिया की सबसे कम उम्र की रेसर हैं। उन्हें एफआईए प्रेसिडेंट मेडल से भी सम्मानित किया जा चुका है और वह संयुक्त अरब अमीरात तथा ब्रिटेन में पोडियम स्थान हासिल कर चुकी हैं। अब उनका लक्ष्य तेज कार्ट और बड़े अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में हिस्सा लेकर मोटरस्पोर्ट्स के सर्वोच्च स्तर पर भारत का प्रतिनिधित्व करना है।
आरशी के कोच डेविड बेलचैम्बर्स ने कहा कि “अपनी सर्वश्रेष्ठ फॉर्म में आरशी को हराना लगभग असंभव है। उसकी उपलब्धियां और प्रगति उनकी प्रतिभा, संकल्प और कड़ी मेहनत का प्रत्यक्ष प्रमाण हैं, और उसने अब तक जो कुछ भी हासिल किया है।

















