जयपुर। जवाहर नगर थाना पुलिस कार्रवाई करते हुए कारों के शीशे तोड़कर लैपटॉप, मोबाइल और नकदी चोरी करने वाली ‘गुलेल गैंग’ के फरार मुख्य आरोपी जावेद उर्फ परमजीत यादव को मेरठ (उत्तर प्रदेश) से गिरफ्तार किया है।
इससे पहले इस मामले में इमरान आलम उर्फ अमनराज और रोहित कृष्णा को 23 अप्रैल को गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस ने बताया कि गिरोह बेहद शातिर तरीके से वारदात करता था और आमजन को शक न हो इसके लिए सुनसान स्थानों को निशाना बनाता था। फिलहाल आरोपित से पूछताछ की जा रही है।
पुलिस उपायुक्त जयपुर पूर्व रंजिता शर्मा ने बताया कि जवाहर नगर थाना पुलिस कार्रवाई करते हुए कारों के शीशे तोड़कर लैपटॉप, मोबाइल और नकदी चोरी करने वाली ‘गुलेल गैंग’ के फरार मुख्य आरोपी जावेद उर्फ परमजीत यादव निवासी उत्तर प्रदेश को गिरफ्तार किया गया है।
जांच में सामने आया कि आरोपी स्कूटी और पावर बाइक का इस्तेमाल कर पहले पार्किंग स्थलों और कॉलोनियों में खड़ी गाड़ियों की रेकी करते थे। जिस वाहन में बैग या कीमती सामान दिखता, उसे निशाना बनाया जाता था। इसके बाद आरोपी गुलेल से पत्थर मारकर कार का शीशा तोड़ते और सामान चोरी कर फरार हो जाते थे।
इसके अलावा जांच में खुलासा हुआ कि आरोपियों ने ओएलएक्स के माध्यम से दिल्ली से स्कूटी और पावर बाइक खरीदी थी। इन वाहनों के नंबर प्लेट में हेरफेर कर वारदातों को अंजाम दिया जाता था। आरोपी 16 अप्रैल को दिल्ली से रवाना होकर मेहंदीपुर बालाजी होते हुए 18 अप्रैल को जयपुर पहुंचे और 20 अप्रैल तक शहर में कई वारदातें कर वापस दिल्ली लौट गए।
कई जिलों में की वारदातें आरोपियों ने जयपुर के अलावा भीलवाड़ा, अलवर और अन्य क्षेत्रों में भी कारों के शीशे तोड़कर चोरी की वारदातें करना कबूल किया है।
इसके साथ ही पूछताछ में जयपुर में राजापार्क, प्रेमनगर पुलिया, कानोता, श्याम नगर और अशोक नगर थाना क्षेत्रों में वारदातें सामने आई हैं, जहां से लैपटॉप, मोबाइल, दस्तावेज और नकदी चोरी की गई। वहीं तीनों आरोपी पहले विभिन्न मामलों में नोएडा जेल में बंद थे, जहां उनकी आपस में दोस्ती हुई।
जेल से बाहर आने के बाद इन्होंने मिलकर गैंग बनाया और चोरी की वारदातों को अंजाम देना शुरू किया। मुख्य आरोपी जावेद उर्फ परमजीत यादव को अदालत में पेश कर 4 मई 2026 तक पुलिस रिमांड पर लिया गया है। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर अन्य वारदातों के खुलासे में जुटी है।



















