जयपुर। न्यू सांगानेर रोड पर सोमवार सुबह जेडीए का प्रवर्तन दस्ता अतिक्रमण हटाने पहुंचा तो दुकान-मकान टूटने की आशंका से कई पीड़ितों की आंखों से आंसू छलक पड़े। मेट्रो से अजमेर रोड की ओर जाने वाले मार्ग पर बड़ी संख्या में महिलाएं जुटीं और जेडीए कार्रवाई का विरोध करते हुए नारेबाजी की। महिलाओं ने दीपावली से पहले कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि दुकान-मकान टूटने से लोग बेरोजगार और बेघर हो जाएंगे।

जेडीए प्रवर्तन शाखा ने हाईकोर्ट के आदेशों की पालना में जोन-सी क्षेत्र में गुर्जर की थड़ी से सोडाला की ओर करीब एक किलोमीटर क्षेत्र में 100 फीट सड़क सीमा के दोनों ओर किए गए अतिक्रमण हटाए। जेसीबी और मजदूरों की मदद से सड़क सीमा में बने चबूतरे, सीढ़ियां सहित अन्य अतिक्रमण ध्वस्त किए गए। कार्रवाई के दौरान कुछ दुकानदार खुद भी अतिक्रमण हटाते नजर आए। अतिरिक्त पुलिस बल, स्थानीय पुलिस जाप्ते तथा राजस्व एवं तकनीकी स्टाफ की मौजूदगी में कार्रवाई की गई।
मंगलवार को नहीं होगी कार्रवाई:
जेडीए उपमहानिरीक्षक पुलिस आनंद शर्मा ने बताया कि मंगलवार को न्यायालय में जवाब पेश किया जाना है, इसलिए कार्रवाई नहीं होगी। आगे की कार्रवाई का कार्यक्रम जल्द तैयार किया जाएगा। उन्होंने न्यू सांगानेर रोड पर लगे जेडीए ट्रिब्यूनल के स्थगन आदेश वाले पोस्टरों की जानकारी से अनभिज्ञता जताते हुए मामले की जांच कराने की बात कही।

स्टे के पोस्टर बने चर्चा का विषय:
कार्रवाई वाले क्षेत्र में कई दुकान, मकान और होटल के बाहर जेडीए ट्रिब्यूनल के स्थगन आदेश के पोस्टर लगे दिखाई दिए। करीब तीन-चार स्थानों पर लगे इन पोस्टरों को लेकर भी दिनभर चर्चा रही।
गोपाल शर्मा ने सुनी पीड़ितों की समस्या:
कार्रवाई सुबह करीब 8.30 बजे शुरू हुई और दोपहर बाद तक चली। इससे पहले सिविल लाइंस विधायक गोपाल शर्मा मौके पर पहुंचे और पीड़ितों की परिवेदनाएं सुनीं। उन्होंने कहा कि वे पीड़ितों के दुख-दर्द में हमेशा साथ खड़े रहेंगे और न्यायपूर्ण प्रक्रिया के लिए हर स्तर पर प्रयास जारी रखेंगे।


















