जयपुर। हरमाड़ा थाना पुलिस और मानव तस्करी विरोधी इकाई ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए न्यू लोहा मंडी माचेडा स्थित एक कारखाने से बाल श्रमिक को मुक्त कराया है। पुलिस ने नाबालिग से खतरनाक काम करवाने के आरोप में कारखाना मालिक भीम राजभर (28) को गिरफ्तार किया है।
पुलिस उपायुक्त प्रशांत किरण ने बताया कि बालश्रम के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत हरमाड़ा थानाधिकारी बाबूलाल और मानव तस्करी विरोधी इकाई के प्रभारी रामशरण के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई थी। टीम ने 13 अक्टूबर को न्यू लोहा मंडी, माचेडा स्थित डेलमोर्स वेंचर्स के प्लॉट नंबर 55ए पर दबिश दी।
पुलिस के अनुसार कारखाने में नाबालिग से स्टील के सामान से छत पर लगाए जाने वाले वेंटिलेटर पंखे बनाने का खतरनाक काम करवाया जा रहा था। बच्चे ने पूछताछ में बताया कि उससे सुबह से देर रात तक काम कराया जाता था और इसके बदले 13 हजार रुपए प्रतिमाह नकद दिए जाते थे। गलती होने पर उसे डांटने और प्रताड़ित करने की बात भी सामने आई। पुलिस के अनुसार, कारखाना मालिक बच्चे के स्वास्थ्य और सुरक्षा का ध्यान नहीं रख रहा था।
पुलिस ने बाल श्रमिक को मुक्त कराकर प्रयास जेएसी सोसायटी के समन्वयक सईद खान के संरक्षण में सौंपा है, ताकि उसे बाल कल्याण समिति, गांधीनगर के समक्ष पेश किया जा सके।
गिरफ्तार आरोपी भीम राजभर मूल रूप से उत्तर प्रदेश के अम्बेडकर नगर जिले का निवासी है और जयपुर में डेलमोर्स वेंचर्स में ठेकेदार के रूप में काम कर रहा था।



















