सवर्ण आक्रोश सभा से पहले राष्ट्रीय करणी सेना का सरकार के खिलाफ मोर्चा

0
49

जयपुर। विद्याधर नगर स्टेडियम में 25 अक्टूबर को प्रस्तावित सवर्ण आक्रोश सभा से पहले राष्ट्रीय करणी सेना ने अपनी मांगों को लेकर आंदोलन तेज कर दिया है। संगठन की महिला राष्ट्रीय अध्यक्ष लक्ष्मी तंवर रविवार को चित्रकूट वैशाली नगर स्थित राष्ट्रीय करणी सेना भवन पर सर्व समाज की सैकड़ों महिलाओं के साथ अनिश्चितकालीन अनशन पर बैठ गईं। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रमुख मांगों पर कार्रवाई होने तक अनशन जारी रहेगा।

राष्ट्रीय करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष शिव सिंह शेखावत के सानिध्य में प्रस्तावित सभा को लेकर रविवार को संगठन कार्यालय में पत्रकार वार्ता आयोजित की गई। इसमें लक्ष्मी तंवर ने यूजीसी के नियमों को वापस लेने, आरक्षण व्यवस्था में सुधार और एससी-एसटी एक्ट में संशोधन की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि इन मुद्दों पर सरकार से अपेक्षित कार्रवाई होने तक अनशन समाप्त नहीं किया जाएगा।

संगठन के अनुसार 25 अक्टूबर को होने वाली सभा में आरक्षण व्यवस्था में सुधार, यूजीसी नियमों की वापसी, एससी-एसटी एक्ट में संशोधन, आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) से जुड़े प्रावधानों और प्रक्रिया को सरल बनाने तथा सवर्ण आयोग के गठन की मांग प्रमुखता से उठाई जाएगी। इसके अलावा गोमाता को राष्ट्रमाता घोषित करने की मांग भी रखी जाएगी।

राष्ट्रीय करणी सेना का कहना है कि इन मुद्दों पर विभिन्न सामाजिक संगठनों और सर्व समाज के प्रतिनिधियों को एक मंच पर लाने की तैयारी की जा रही है। आयोजकों ने प्रदेश के साथ देश के विभिन्न राज्यों से भी लोगों के सभा में शामिल होने की संभावना जताई है।

सभा में अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए प्रदेशभर में संपर्क सभाएं और जनसंपर्क अभियान चलाए जा रहे हैं। संगठन के पदाधिकारी और कार्यकर्ता विभिन्न सामाजिक संगठनों से संपर्क कर लोगों को सभा में शामिल होने के लिए आमंत्रित कर रहे हैं।

इस दौरान राष्ट्रीय प्रवक्ता नरेंद्र सिसोदिया, राष्ट्रीय सचिव कुलदीप सिंह भादवा, विप्र महासभा के संस्थापक सुनील उदेईया, प्रदेश अध्यक्ष योगेंद्र भारद्वाज, श्री परशुराम सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष एडवोकेट अनिल चतुर्वेदी, सर्व समाज हिंदू महासभा के संस्थापक चंद्रप्रकाश अग्रवाल, खंडेलवाल समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष रमेश तुंगावाला और एडवोकेट राम मनोहर शर्मा सहित विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी मौजूद रहे। 25 अक्टूबर की सभा से पहले लक्ष्मी तंवर के अनिश्चितकालीन अनशन से संगठन के आंदोलन को नई गति मिली है। अब सभा में विभिन्न मांगों को लेकर होने वाली भागीदारी पर सभी की नजरें रहेंगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here