दुर्लभ कैंसरयुक्त ट्यूमर हटाकर डॉक्टरों ने बचाई महिला की जान

0
50

जयपुर। फोर्टिस एस्कॉर्ट्स हॉस्पिटल जयपुर के चिकित्सकों ने एक 43 वर्षीय महिला के दाहिने फेफड़े से दुर्लभ कैंसरयुक्त ट्रेकियल ट्यूमर (एडेनॉइड सिस्टिक कार्सिनोमा) को अत्याधुनिक सर्जिकल तकनीक से सफलतापूर्वक हटाकर उसे नई जिंदगी दी है। यह ट्यूमर इतना दुर्लभ माना जाता है कि विश्वभर में प्रति दस लाख लोगों में केवल एक से दो मामले ही सामने आते हैं।

अस्पताल के अनुसार महिला पिछले वर्ष दिसंबर से अस्थमा का उपचार करा रही थी। उसे लगातार खांसी, गंभीर सांस लेने में तकलीफ, सांस लेते समय आवाज आना तथा आराम से लेटने में परेशानी हो रही थी। लंबे समय तक इनहेलेशन थेरेपी और दवाइयों के बावजूद हालत में सुधार नहीं होने पर उसे अस्पताल के आपातकालीन विभाग में भर्ती कराया गया।

फोर्टिस एस्कॉर्ट्स हॉस्पिटल जयपुर के कंसल्टेंट पल्मोनोलॉजी एवं क्रिटिकल केयर डॉ. विनोद कुमार शर्मा के नेतृत्व में जांच के दौरान चेस्ट सीटी स्कैन में श्वासनली के आगे-दाहिने हिस्से में लगभग 1.5 इंच का बड़ा ट्यूमर पाया गया। यह ट्यूमर दाहिने फेफड़े की मुख्य वायुमार्ग तक फैल चुका था और श्वासनली के विभाजन वाले हिस्से को दबा रहा था। इससे लगभग पूरी वायुमार्ग अवरुद्ध हो गई थी और मरीज को जानलेवा श्वसन विफलता का खतरा पैदा हो गया था।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पल्मोनोलॉजी, एनेस्थीसियोलॉजी और क्रिटिकल केयर विशेषज्ञों की बहु-विषयक टीम गठित की गई। टीम ने उन्नत रिजीड ब्रोंकोस्कोपी तकनीक के माध्यम से करीब तीन घंटे तक चली जटिल सर्जरी को सफलतापूर्वक अंजाम दिया। प्रक्रिया के दौरान भारी रक्तस्राव, हृदय संबंधी जटिलताओं और वायुमार्ग पूरी तरह बंद होने जैसे जोखिम मौजूद थे।

सर्जरी के बाद मरीज की सांस लेने में तकलीफ और सांस की आवाज पूरी तरह समाप्त हो गई। पोस्ट-ऑपरेटिव रिकवरी और फॉलो-अप ब्रोंकोस्कोपी में स्थिति सामान्य मिलने पर मरीज को अगले ही दिन अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।

डॉ. विनोद कुमार शर्मा ने बताया कि रिजीड ब्रोंकोस्कोपी एक विशेष प्रक्रिया है, जिसके जरिए श्वासनली और ऊपरी वायुमार्ग की जांच कर केंद्रीय ट्यूमर अथवा विदेशी वस्तुओं को हटाया जाता है। उन्होंने कहा कि फोर्टिस जयपुर में एंडोब्रोंकियल अल्ट्रासाउंड और एक्स्ट्राकॉर्पोरियल मेम्ब्रेन ऑक्सीजनेशन (ईसीएमओ) जैसी अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं।

फोर्टिस एस्कॉर्ट्स हॉस्पिटल जयपुर के फैसिलिटी डायरेक्टर डॉ. मनीष अग्रवाल ने कहा कि अस्पताल चिकित्सा नवाचार और मरीजों को सर्वोत्तम उपचार उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने इस जटिल और सफल उपचार के लिए पूरी चिकित्सा टीम को बधाई दी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here