जयपुर। विदेश भेजने और वीजा दिलाने के नाम पर लोगों से ऑनलाइन ठगी करने वाले संगठित गिरोहों के खिलाफ जयपुर पुलिस कमिश्नरेट की स्पेशल टीम (सीएसटी) ने गुरुवार को कार्रवाई करते हुए शहर में संचालित तीन फर्जी कॉल सेंटरों का भंडाफोड़ किया।
महेश नगर और जालूपुरा थाना क्षेत्रों में एक साथ की गई छापेमारी में कुल 22 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें 20 युवतियां और दो युवक शामिल हैं। पुलिस ने मौके से एक लैपटॉप, 22 मोबाइल फोन, 11 रजिस्टर, तीन डायरियां, एक सीपीयू, एक मॉनिटर और तीन उपस्थिति पंजिकाएं सहित अन्य दस्तावेज जब्त किए हैं।
पुलिस उपायुक्त (अपराध) संजीव नैन ने बताया कि सीएसटी टीम ने की। पुलिस को सूचना मिली थी कि शहर में कुछ फर्जी कॉल सेंटर विदेशों का वीजा दिलाने के नाम पर लोगों से ऑनलाइन आवेदन भरवाकर उनसे रकम ऐंठ रहे हैं। इसके बाद सीएसटी ने तीन अलग-अलग स्थानों पर एक साथ दबिश दी।
पहली कार्रवाई जालूपुरा थाना क्षेत्र में एमआई रोड स्थित गणपति प्लाजा की चौथी मंजिल पर ऑफिस नंबर-419 में की गई। यहां संचालित फर्जी कॉल सेंटर से पुलिस ने मोनिका खेनड़ उर्फ पायल (23), पूर्वी गुप्ता उर्फ साक्षी (25), खुशबू शर्मा (24), नेहा सैनी (24) और मोना स्वामी (23) को गिरफ्तार किया।
मौके से पांच मोबाइल, तीन रजिस्टर, एक उपस्थिति पंजिका, एक लाइनदार कॉपी, एक सीपीयू और एक मॉनिटर बरामद किए गए। दूसरी कार्रवाई महेश नगर थाना क्षेत्र में न्यू सांगानेर रोड स्थित नवजीत बिल्डिंग के छठे फ्लोर पर फ्लैट नंबर-608 में की गई। यहां से पुलिस ने योगिता शर्मा उर्फ चाहत (26), ज्योति उर्फ चित्रा (26), जान्हवी उर्फ विधि (19), दीपा उर्फ पिंटू (19) और काजल उर्फ राधिका (21) को गिरफ्तार किया।
यहां से छह मोबाइल, छह रजिस्टर, एक उपस्थिति पंजिका और एक डायरी बरामद हुई।
तीसरी कार्रवाई महेश नगर थाना क्षेत्र के स्वेज फार्म स्थित ट्रिनिटी मॉल की पांचवीं मंजिल पर कमरा नंबर-535 में की गई। यहां ‘कनाडा ग्लोबल वीजा’ के नाम से फर्जी ऑफिस संचालित किया जा रहा था। पुलिस ने यहां से 10 युवतियों और दो युवकों को गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार आरोपियों में अनीष कुमावत (18), मुस्कान कंवर (20), ज्योति चौधरी (21), सानू मिश्रा (20), प्राची वर्मा (24), कृष्णा राजवंशी (25), खुशी वर्मा (23), निकिता चोपड़ा (22), आरती कुमारी (21), दीक्षा रूपानी (21), समीर बंसल (24) और सारांश गोयल (25) शामिल हैं। मौके से एक लैपटॉप, 11 मोबाइल, दो रजिस्टर, एक उपस्थिति पंजिका और एक डायरी जब्त की गई। पुलिस के अनुसार तीनों कॉल सेंटरों से जब्त दस्तावेजों और डिजिटल उपकरणों की जांच की जा रही है।
गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर इस रैकेट के सरगनाओं, देश-विदेश में फैले नेटवर्क, बैंक खातों और ठगी से जुड़े वित्तीय लेन-देन की पड़ताल की जा रही है। पुलिस को आशंका है कि गिरोह ने बड़ी संख्या में लोगों को विदेश भेजने और वीजा दिलाने का झांसा देकर ठगी की है।



















