जयपुर। ब्रह्मपुरी माउंट रोड स्थित अतिप्राचीन दाहिनी सूंड दक्षिणमुखी श्री नहर के गणेशजी महाराज मंदिर में मंगलवार को पूर्व महंतों की स्मृति एवं ब्रह्मलीन महंत पं. रामेश्वर लाल शर्मा की पुण्यस्मृति में ‘श्री रामेश्वरम् संगीत समारोह’ का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम मंदिर महंत पं. जय शर्मा एवं युवाचार्य पं. मानव शर्मा के सानिध्य में सम्पन्न हुआ।
कार्यक्रम की शुरुआत प्रातः 8 बजे श्री गणपतिजी के समक्ष मंदिर परिवार द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ हुई। इसके बाद ब्राह्मण विद्वानों ने रुद्र पाठ एवं श्री गणपति अथर्वशीर्ष का पाठ किया। प्रातः 10 बजे मंदिर परिसर में वृक्षारोपण एवं श्रद्धालुओं को पौधों का वितरण किया गया।
सायं 6 बजे से आयोजित भजन संध्या के अंतर्गत ‘श्री रामेश्वरम् संगीत समारोह’ का शुभारंभ हुआ। समारोह में हर वर्ष की भांति प्रदेश के किसी मूर्धन्य कलाकार को प्रदान किया जाने वाला प्रतिष्ठित ‘संगीतोपासक सम्मान’ इस वर्ष सुप्रसिद्ध गायक कलाकार श्री सांवरमल कथक को प्रदान किया गया।
सम्मान स्वरूप सांवरमल कथक को पचरंगी साफा, शॉल, गणपतिजी का चित्र, श्रीफल, चांदी का सिक्का, म्यूजिक सिस्टम एवं सम्मान पत्र भेंट किया गया। समारोह में प्रदेश के कई सुप्रसिद्ध कलाकारों ने अपनी प्रस्तुतियों से भक्तिमय एवं संगीतमय समां बांधा। इनमें प्रमुख रूप से गोपालसिंह राठौड़, पारिक बंधुगण, सांवरमल कथक, खुशी-भावना कथक, बनारसीदास, बुंदू खां, आकांक्षा राव, सुरभि चतुर्वेदी, सरस्वती जी, हेमराज, वाहिद एवं राजन खींची सहित अन्य कलाकारों ने गायन प्रस्तुतियां दीं।
वाद्य यंत्रों पर अम्बालाल ने सेक्सोफोन, संजीव शर्मा ने वायलिन तथा परमेश्वर कथक, दिनेश खींची, दिलशाद खान, सद्दाम एवं श्याम जी ने तबले पर संगत कर प्रस्तुतियों को विशेष ऊंचाइयां प्रदान कीं। मंच संचालन आर.डी. अग्रवाल, राजेश आचार्य एवं के.के. कोहली ने किया।
इस अवसर पर आमंत्रित संतों, महंतों एवं कलाकारों का मंदिर परिवार की ओर से दुपट्टा ओढ़ाकर सम्मान किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में संत-महंत एवं श्रद्धालु उपस्थित रहे। आयोजन के दौरान सायं 6 बजे से संतों एवं भक्तजनों के लिए भंडारा प्रसादी की व्यवस्था भी की गई।



















