जयपुर। गुलाबी नगरी के ऐतिहासिक हवामहल में गुरुवार को उस समय अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जब अत्याधुनिक हथियारों से लैस एटीएस राजस्थान के कमांडो ने पूरे परिसर को चारों तरफ से घेर लिया। अचानक सुरक्षा बलों की तैनाती देखकर वहां मौजूद देशी-विदेशी पर्यटक और स्थानीय लोग एकबारगी घबरा गए। कुछ समय तक लोगों को लगा कि किसी बड़ी अनहोनी या आतंकी खतरे की स्थिति बन गई है।
हालांकि कुछ ही देर बाद लाउडस्पीकर से घोषणा कर बताया गया कि यह एटीएस की ओर से आयोजित सुरक्षा मॉक ड्रिल है। इसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली।
जानकारी के अनुसार हवामहल की सुरक्षा व्यवस्था और आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित कार्रवाई की तैयारियों को परखने के लिए एटीएस की चौथी ईआरटी टीम ने यह विशेष मॉक ड्रिल आयोजित की। कमांडोज ने पूरे ऑपरेशन को वास्तविक सुरक्षा अभियान की तरह अंजाम दिया।
मॉक ड्रिल के दौरान कमांडो ने हवामहल के प्रवेश द्वारों, झरोखों और आसपास की इमारतों पर रणनीतिक रूप से मोर्चा संभाल लिया। हथियारबंद जवानों की तैनाती और तेज कार्रवाई से कुछ समय के लिए पूरा क्षेत्र कौतूहल का केंद्र बना रहा।
अधिकारियों के अनुसार इस अभ्यास का मुख्य उद्देश्य आपात स्थिति में कमांडोज के रिस्पॉन्स टाइम की जांच करना और सुरक्षा व्यवस्था में संभावित कमियों को पहचानकर उन्हें दूर करना था। मॉक ड्रिल सफलतापूर्वक संपन्न होने के बाद वहां मौजूद पर्यटकों और स्थानीय लोगों ने राजस्थान पुलिस और एटीएस की मुस्तैदी तथा सुरक्षा तैयारियों की सराहना की।



















