जयपुर। पूर्व मंत्री एवं कांग्रेस नेता प्रताप सिंह खाचरियावास ने बिजली बिलों के साथ भेजी जा रही अतिरिक्त सिक्योरिटी राशि का विरोध करते हुए इसे जनता के साथ अन्याय और अवैध वसूली करार दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि बिजली विभाग में हुए भ्रष्टाचार का बोझ अब आम उपभोक्ताओं पर डाला जा रहा है।
खाचरियावास ने बुधवार को जारी बयान में कहा कि मई 2025 से अप्रैल 2026 तक के बिजली बिलों का औसत निकालकर उपभोक्ताओं से सिक्योरिटी राशि मांगी जा रही है, जो पूरी तरह गैरकानूनी है। उन्होंने दावा किया कि पहले भी इस व्यवस्था को बंद करवाया था और आगे भी इसे बंद कराने के लिए संघर्ष करेंगे।
उन्होंने प्रदेशवासियों से अपील की कि वे इस सिक्योरिटी राशि का भुगतान नहीं करें। साथ ही कहा कि यदि जरूरत पड़ी तो वे जनता के हक में सड़क पर उतरकर आंदोलन करेंगे। खाचरियावास ने आरोप लगाया कि पहले स्मार्ट मीटर के जरिए उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डाला गया और अब सिक्योरिटी राशि के नाम पर नई वसूली की जा रही है।



















