जयपुर। राजस्थान नर्सेज संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले संविदा नर्स दीपक के परिवार को सरकारी सहायता देने तथा सेवा से हटाए गए नर्सेज की बहाली की मांग को लेकर नर्सिंग कर्मियों का आंदोलन सोमवार को 11वें दिन भी जारी रहा। सरकार और प्रशासन की कथित असंवेदनशीलता के विरोध में नर्सेज ने धरना-प्रदर्शन कर अपनी नाराजगी जताई।
स्टेट कैंसर इंस्टीट्यूट, आरयूएचएस के नर्सिंगकर्मियों ने इन्द्रेश शर्मा, दौलत सिंह शेखावत, राजेंद्र शेखावत और शैताना राम के नेतृत्व में सुबह 8 बजे से दो घंटे का कार्य बहिष्कार किया। इस दौरान नर्सेज ने जोरदार नारेबाजी करते हुए सामूहिक अवकाश पर जाने का संकल्प भी लिया।
वहीं, एसएमएस मेडिकल कॉलेज के मुख्य द्वार पर चल रहा अनिश्चितकालीन धरना भी जारी रहा। धरने का नेतृत्व विमल शर्मा, के.के. यादव, महिपाल जेवलिया, मोरध्वज चौधरी और सुभाष चौधरी ने किया।
धरना स्थल पर राजस्थान एएनएम-एलएचवी संघ की प्रदेशाध्यक्ष संतरा चौधरी और किरण राजपूत ने भी पहुंचकर संयुक्त संघर्ष समिति को समर्थन देने की घोषणा की। उन्होंने सरकार की असंवेदनशीलता की आलोचना करते हुए नर्सेज आंदोलन को और व्यापक बनाने की बात कही।



















