जयपुर। शास्त्रीनगर के नाहरी का नाका स्थित चमत्कारेश्वर वीर हनुमान मंदिर प्रांगण में ज्येष्ठ माह के उपलक्ष्य में विशेष धार्मिक अनुष्ठान का आयोजन किया गया। वर्तमान में बढ़ रहे तापमान और भीषण गर्मी के बीच पवनपुत्र को शीतलता प्रदान करने के लिए मंदिर में विशेष रूप से ‘जल विहार’ झांकी सजाई गई।
सुगंधित द्रव्यों से अभिषेक, धारण की सूती पोशाक – इससे पूर्व सुबह के सत्र में हनुमान जी महाराज का सुगंधित केवड़ा और गुलाब जल से भव्य अभिषेक किया गया। इसके बाद भगवान को सिंदूरी चौला चढ़ाया गया। तेज गर्मी को देखते हुए हनुमंत सरकार की दिनचर्या में विशेष बदलाव किया गया है, जिसके तहत उन्हें विशेष सूती (कॉटन) पोशाक धारण करवाई गई और फिर जल विहार कराया गया।
भोग और दिनचर्या में हुआ बदलाव – बढ़ते तापमान को देखते हुए भगवान के भोग में भी शीतलता प्रदान करने वाले व्यंजनों को शामिल किया गया। इस दौरान हनुमान जी को लस्सी, पंजीरी, श्रीखण्ड, सत्तू, आमरस और शर्बत सहित विभिन्न प्रकार के शीतल व्यंजनों का विशेष भोग लगाया गया।
मंदिर प्रबंधन के अनुसार, गर्मी के मौसम को देखते हुए आगामी दिनों में भी भगवान की दिनचर्या और सेवा-पूजा इसी व्यवस्था के अनुसार संचालित की जाएगी। इस मनोरम झांकी के दर्शनों के लिए दिनभर स्थानीय श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी रही।



















