जयपुर। श्री प्रेम प्रकाश मंडलाचार्य आचार्य सद्गुरु स्वामी टेऊँराम महाराज के पावन चालीहा महोत्सव एवं 140वें जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में आयोजित पंच दिवसीय सतगुरु स्वामी टेऊँराम जीवन चरित्रामृत कथा का समापन बुधवार शाम 6:30 बजे संत-महात्माओं की गरिमामयी उपस्थिति में होगा। यह संगीतमय भक्ति एवं ज्ञानमयी कथा पहली बार आयोजित की गई है, जिसका शुभारंभ 4 जुलाई को हुआ था।
कथा के दौरान कथा वाचक गोपाल शरण शास्त्री ने सद्गुरु स्वामी टेऊँराम जी महाराज के जीवन, आध्यात्मिक दर्शन, समाज सेवा, परोपकार और लोककल्याण से जुड़े प्रसंगों का अत्यंत भावपूर्ण एवं सहज शैली में वर्णन किया। उन्होंने आचार्य श्री की शिक्षाओं, दोहों, पदों, छंदों, भजनों और काव्य रचनाओं के माध्यम से उनके जीवन संदेश को श्रद्धालुओं तक पहुंचाया।
कथा के मार्मिक प्रसंगों ने श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया। संत-महात्माओं ने बताया कि आचार्य श्री के त्याग, सेवा और मानव कल्याण के प्रसंगों का ऐसा प्रभाव रहा कि कथा पंडाल में उपस्थित अनेक श्रद्धालुओं की आंखें नम हो गईं और उनके नयनों से प्रेमाश्रु बह निकले।
आयोजकों ने बताया कि 15 से 19 जुलाई तक सद्गुरु स्वामी टेऊँराम जी महाराज का 140वां जन्मोत्सव श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया जाएगा। जन्मोत्सव के दौरान महाआरती, कन्या भोज, बटुक ब्राह्मण भोज, नौका विहार झांकी, 140 व्यंजनों की भोग झांकी, 140 किलो लड्डू का विशेष भोग तथा विशाल भंडारा प्रसादी सहित विभिन्न धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। आयोजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है।



















