जयपुर। राजस्थान में सब इंस्पेक्टर भर्ती-2021 की पुनः परीक्षा रविवार को कड़ी सुरक्षा और निगरानी के बीच आयोजित की गई । पेपर लीक और अन्य अनियमितताओं के कारण पिछली परीक्षा रद्द किए जाने के बाद राजस्थान लोक सेवा आयोग (आरपीएससी) की ओर से दोबारा परीक्षा कराई जा रही है। प्रदेश के 11 जिलों में कुल 666 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां 2 लाख 18 हजार 131 अभ्यर्थी पंजीकृत हैं। इनमें जयपुर में सबसे अधिक 187 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं।
परीक्षा दो पारियों में आयोजित की गई । पहली पारी में सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक सामान्य हिंदी और दूसरी पारी में दोपहर 3 से शाम 5 बजे तक सामान्य ज्ञान एवं सामान्य विज्ञान का पेपर हुआ।
बायोमेट्रिक और फेस रिकॉग्निशन के बाद प्रवेश
जयपुर के परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों को सघन जांच के बाद ही प्रवेश दिया गया। केंद्रों पर गेट पर ही बायोमेट्रिक सत्यापन, फेस रिकॉग्निशन, थंब इंप्रेशन और एचएचएमडी (हैंड हेल्ड मेटल डिटेक्टर) से जांच की गई। जांच पूरी होने के बाद ही अभ्यर्थियों को परीक्षा कक्ष में जाने दिया गया।
एक परीक्षा केंद्र की एडिशनल सेंटर सुपरिंटेंडेंट नेहा भट्ट ने बताया कि केंद्र पर सभी अभ्यर्थियों की निर्धारित प्रक्रिया के तहत जांच की गई। मेन गेट पर मेटल डिटेक्टर से फ्रिस्किंग के साथ बायोमेट्रिक और फेस रिकॉग्निशन किया गया।
9 बजे गेट बंद, कई अभ्यर्थी बाहर रह गए
परीक्षा केंद्रों पर सुबह 9 बजे प्रवेश द्वार बंद कर दिए गए। इसके बाद कुछ अभ्यर्थी केंद्रों पर पहुंचे, लेकिन निर्धारित समय निकल जाने के कारण उन्हें प्रवेश नहीं दिया गया। कई अभ्यर्थियों ने समय पर नहीं पहुंच पाने की अलग-अलग वजहें बताईं और प्रवेश देने की गुहार लगाई, लेकिन परीक्षा के निर्धारित नियमों के चलते उन्हें गेट से ही वापस लौटना पड़ा।
11 जिलों में बनाए केंद्र
आरपीएससी के अनुसार अजमेर में 74, अलवर में 48, भरतपुर में 58, बीकानेर में 47, हनुमानगढ़ में 23, जयपुर में 187, जोधपुर में 81, कोटा में 58, श्रीगंगानगर में 10, टोंक में 16 और उदयपुर में 64 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं।
डमी अभ्यर्थी और हाईटेक डिवाइस पर नजर
परीक्षा में डमी अभ्यर्थियों और नकल पर रोक लगाने के लिए बहुस्तरीय पहचान सत्यापन व्यवस्था की गई है। अभ्यर्थियों के चेहरे का फेस रिकॉग्निशन, थंब इंप्रेशन और बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन से मिलान किया जा रहा है। मेटा ग्लासेस, ब्लूटूथ डिवाइस सहित अन्य हाईटेक उपकरणों पर भी विशेष नजर रखी जा रही है। परीक्षा केंद्रों पर पुलिस और प्रशासन की निगरानी के साथ वीडियोग्राफी भी कराई गई।
परीक्षा में डिबार किए गए अभ्यर्थियों पर भी विशेष निगरानी रखी गई। आयोग के अनुसार परीक्षा की शुचिता और गोपनीयता बनाए रखना प्राथमिकता है। किसी भी प्रकार की अनियमितता सामने आने पर राजस्थान सार्वजनिक परीक्षा अधिनियम-2022 के तहत कार्रवाई की जाएगी।
पांचवां विकल्प भरना अनिवार्य
इस बार ओएमआर शीट में पांचवां विकल्प यानी अनुत्तरित प्रश्न का गोला भरना भी अनिवार्य किया गया है। यदि अभ्यर्थी किसी प्रश्न का उत्तर नहीं देना चाहता है तो उसे पांचवां गोला भरना होगा। इसके लिए प्रत्येक पेपर में 10 मिनट का अतिरिक्त समय दिया जाएगा। आयोग ने इस संबंध में अपनी वेबसाइट पर शुद्धि पत्र भी जारी किया है।
पहले 7.97 लाख अभ्यर्थियों ने किया था आवेदन
सब इंस्पेक्टर भर्ती-2021 का विज्ञापन 3 फरवरी 2021 को जारी किया गया था। उस समय भर्ती के लिए करीब 7 लाख 97 हजार अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था। इनमें से 3 लाख 83 हजार 97 अभ्यर्थी 13 से 15 सितंबर 2021 के बीच आयोजित मूल परीक्षा में शामिल हुए थे।
मूल परीक्षा पेपर लीक और अन्य अनियमितताओं के आरोपों से घिर गई थी। इसके बाद भर्ती प्रक्रिया को लेकर जांच और कानूनी कार्रवाई हुई। राजस्थान हाईकोर्ट ने परीक्षा रद्द कर दी थी। हाईकोर्ट की खंडपीठ ने भी इस फैसले को बरकरार रखा। मई 2026 में सुप्रीम कोर्ट ने भी मामले में दखल देने से इनकार कर दिया। इसके बाद आरपीएससी ने 859 पदों के लिए नए सिरे से परीक्षा कराने की प्रक्रिया शुरू की।
पहले 8 मई 2025 को केवल उन अभ्यर्थियों को दोबारा परीक्षा में शामिल होने का मौका देने का निर्णय लिया गया था, जो मूल परीक्षा में शामिल हुए थे। बाद में सभी अभ्यर्थियों को पुनः परीक्षा में शामिल होने की अनुमति दी गई। अब उसी भर्ती प्रक्रिया के तहत रविवार को सख्त सुरक्षा व्यवस्था के बीच पुनः परीक्षा आयोजित की जा रही है।



















