सेंट्रल पार्क से सीए का फिल्मी अंदाज में अपहरण: नकली पिस्टल-चाकू की नोक पर ले गए बदमाश

0
47

जयपुर। राजधानी में गुरुवार सुबह अशोक नगर थाना इलाके में स्थित सेंट्रल पार्क की पार्किंग से शहर के जाने-माने चार्टर्ड अकाउंटेंट (सीए) राजीव गुप्ता का दो नकाबपोश बदमाशों ने फिल्मी अंदाज में अपहरण कर लिया। बदमाश नकली पिस्टल और चाकू की नोक पर उन्हें उनकी ही मर्सिडीज कार में बैठाकर दिल्ली रोड की ओर ले गए।

रास्ते में गुप्ता ने चलती कार से कूदकर बचने की तीन बार कोशिश की, लेकिन बदमाशों ने हथियार दिखाकर उन्हें वापस खींच लिया। पीली की तलाई मोड़ के पास तेज रफ्तार मर्सिडीज एक बाइक से टकराकर सड़क किनारे नाले में पलट गई। हादसे के बाद दोनों बदमाश कार से निकलकर पास की पहाड़ियों की ओर भाग गए।

हादसे के बाद मौके पर बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए। कार में मौजूद सीए राजीव गुप्ता को लोगों ने पहले बदमाश समझ लिया और उन्हें घेर लिया। गुप्ता ने किसी तरह लोगों को बताया कि वे खुद अपहरण के शिकार हुए हैं। सूचना पर पहुंचे आमेर थानाधिकारी राजेंद्र गोदारा ने उन्हें भीड़ से बचाकर सुरक्षित थाने पहुंचाया। पुलिस ने क्रेन की मदद से क्षतिग्रस्त मर्सिडीज को नाले से बाहर निकलवाया। कार से नकली पिस्टल और चाकू बरामद किया गया है।

मॉर्निंग वॉक के बाद कार में घुसे बदमाश

आमेर थानाधिकारी राजेंद्र गोदारा के अनुसार राजीव गुप्ता रोजाना सुबह सेंट्रल पार्क में मॉर्निंग वॉक के लिए आते हैं। गुरुवार सुबह करीब 6.30 बजे वे पार्क पहुंचे थे। करीब एक घंटे बाद 7.30 बजे गेट नंबर-4 से बाहर निकलकर अपनी मर्सिडीज में बैठने लगे। जैसे ही उन्होंने कार का गेट खोला, एक नकाबपोश बदमाश नकली पिस्टल लेकर पीछे की सीट पर बैठ गया। इसी दौरान दूसरे बदमाश ने उन्हें ड्राइविंग सीट से धक्का दिया और चाकू की नोक पर खुद सीट संभाल ली। पीछे बैठे बदमाश ने गुप्ता पर पिस्टल तान दी।

दोनों बदमाशों ने उन्हें धमकाया कि शोर मचाने या विरोध करने पर जान से मार देंगे। इसके बाद वे गुप्ता को धमकाते हुए कार को आमेर और फिर दिल्ली रोड की तरफ ले गए। बताया जा रहा है कि आरोपियों को मर्सिडीज चलाने का ज्यादा अनुभव नहीं था। वे रास्ते में कार के संचालन को लेकर गुप्ता से जानकारी लेते रहे। इस दौरान उनके साथ हाथापाई भी हुई।

तीन बार चलती कार से कूदने की कोशिश

बदमाशों के कब्जे में आने के बाद गुप्ता का ब्लड प्रेशर बढ़ गया। उन्होंने पुलिस को बताया कि उन्हें अपनी जान खतरे में लग रही थी। इसी वजह से उन्होंने चलती कार से कूदकर बचने का प्रयास किया। उन्होंने करीब तीन बार कार से बाहर निकलने की कोशिश की, लेकिन पीछे बैठे बदमाश ने पिस्टल और चाकू की नोक पर उन्हें पकड़कर वापस खींच लिया।

दिल्ली रोड पर पीली की तलाई मोड़ के पास गुप्ता ने एक बार फिर जान बचाने का प्रयास किया। उन्होंने चलती कार का दरवाजा खोलकर पैर बाहर लटका दिए और जोर-जोर से मदद के लिए चिल्लाने लगे। इससे कार चला रहा बदमाश विचलित हो गया। इसी दौरान तेज रफ्तार मर्सिडीज आगे चल रही बाइक से टकरा गई। हादसे में बाइक सवार घायल हो गया। इसके बाद बेकाबू कार सड़क किनारे नाले में पलट गई।

हादसे के बाद पहाड़ियों में भागे

कार के पलटते ही दोनों बदमाश खिड़की से बाहर निकले और पास की पहाड़ियों की ओर भाग गए। आसपास के लोगों ने उनका पीछा किया और मौके पर भीड़ जमा हो गई। कार में राजीव गुप्ता को देखकर लोगों ने उन्हें ही बदमाश समझ लिया और घेर लिया। गुप्ता ने लोगों को बताया कि उनका अपहरण किया गया था और वे जान बचाने के लिए कार से निकलने का प्रयास कर रहे थे।

सूचना पर आमेर थानाधिकारी राजेंद्र गोदारा मौके पर पहुंचे और गुप्ता को भीड़ से बचाया। पुलिस ने कार की तलाशी ली तो उसमें नकली पिस्टल और चाकू बरामद हुआ। हादसे में घायल बाइक सवार को पुलिस ने अस्पताल पहुंचाया। क्षतिग्रस्त कार को क्रेन की मदद से नाले से बाहर निकलवाया गया।

अशोक नगर थाने में दर्ज हुई एफआईआर

आमेर थानाधिकारी राजेंद्र गोदारा ने सीए से घटनाक्रम की जानकारी लेने के बाद बताया कि घटना की शुरुआत सेंट्रल पार्क क्षेत्र से हुई है, जो अशोक नगर थाना क्षेत्र में आता है। इसलिए गुप्ता को एफआईआर अशोक नगर थाने में दर्ज कराने के लिए कहा गया। आमेर थाना पुलिस ने घटना के बाद आसपास के इलाके में नाकाबंदी भी करवाई।

पुलिस के अनुसार कार में कुल तीन लोग थे—दो नकाबपोश बदमाश और सीए राजीव गुप्ता। दोनों आरोपियों की उम्र करीब 25 से 30 वर्ष बताई जा रही है। गुप्ता ने पुलिस को बताया कि वे दोनों आरोपियों को पहचानते नहीं हैं और उनकी किसी से कोई दुश्मनी भी नहीं है।

गुप्ता की रिपोर्ट पर अशोक नगर थाने में अपहरण, जानलेवा हमला और मारपीट सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया है।

पार्क से आमेर तक सीसीटीवी खंगाल रही पुलिस

जयपुर साउथ एसीपी डॉ. पूनम ने बताया, “सीए की शिकायत पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है। उनके द्वारा बताए गए घटनाक्रम के अनुसार मामले की जांच की जा रही है। पार्क से लेकर आमेर तक के पूरे रास्ते के सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले जा रहे हैं।”

अशोक नगर और आमेर थाना पुलिस की टीमें संयुक्त रूप से सेंट्रल पार्क से लेकर दिल्ली रोड और पीली की तलाई तक के पूरे रूट के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही हैं। बदमाशों के हुलिए, गतिविधियों और उनके भागने के रास्ते के आधार पर पहचान के प्रयास किए जा रहे हैं।

रोजाना की दिनचर्या की बदमाशों को थी जानकारी?

पुलिस को आशंका है कि बदमाशों ने राजीव गुप्ता की पहले से रेकी की हो सकती है। गुप्ता रोजाना करीब 6.30 बजे सेंट्रल पार्क में मॉर्निंग वॉक के लिए आते हैं और करीब 7.30 बजे गेट नंबर-4 से बाहर निकलते हैं। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या बदमाशों को उनकी नियमित दिनचर्या की पहले से जानकारी थी।

गेट नंबर-4 के सीसीटीवी लंबे समय से खराब

घटना के बाद सेंट्रल पार्क की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। जिस गेट नंबर-4 से सीए का अपहरण किया गया, वहां लगे सीसीटीवी कैमरे लंबे समय से खराब बताए जा रहे हैं। सेंट्रल पार्क में मुख्यमंत्री सहित कई वीआईपी मॉर्निंग वॉक और अन्य कार्यक्रमों के लिए आते हैं।

पार्क के एक ओर सचिवालय और हाईकोर्ट जैसे महत्वपूर्ण संस्थान भी स्थित हैं। इसके बावजूद पार्क के महत्वपूर्ण प्रवेश-निकास बिंदु पर सीसीटीवी व्यवस्था दुरुस्त नहीं होने से सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं। पुलिस अब आसपास के अन्य कैमरों के फुटेज के आधार पर बदमाशों की पहचान और उनके भागने के रास्ते का पता लगाने में जुटी है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here