जयपुर। श्री अमरापुर स्थान जयपुर में आयोजित 15 दिवसीय बाल संस्कार शिविर का भव्य समापन संत-महात्माओं की गरिमामय उपस्थिति में हुआ। शिविर में 80 से अधिक बच्चों ने आचार्य जितेंद्र दाधीच वेदाचार्य के सान्निध्य में प्रार्थना, गणेश मंत्र, गुरु मंत्र, सूर्य मंत्र, स्नान मंत्र, राम-कृष्ण मंत्र, श्लोक, गणेश वंदना, सस्वर हनुमान चालीसा, आरती, प्रेम प्रकाश ग्रंथ ज्ञान, महापुरुषों की जीवनी तथा सद्गुरु टेऊँराम जी महाराज की सोलह शिक्षाओं का अध्ययन किया।
पूज्य स्वामी मोहन प्रकाश महाराज ने कहा कि सनातन धर्म एवं संस्कृति से जुड़ी आध्यात्मिक शिक्षा बच्चों के जीवन की मजबूत आधारशिला है, जो भविष्य में सफलता के मार्ग को प्रशस्त करती है। समापन अवसर पर बच्चों ने सीखे हुए मंत्र, श्लोक, चालीसा पाठ और प्रार्थनाओं का मौखिक एवं लिखित प्रदर्शन किया, जिसे देखने बड़ी संख्या में अभिभावक एवं परिवारजन पहुंचे। बच्चों की प्रस्तुति पर अभिभावकों ने संत-महात्माओं एवं गुरुजनों का आभार व्यक्त किया।
शिविर में आयु के आधार पर 5 से 9 वर्ष के बच्चों के लिए बाल वर्ग तथा 9 वर्ष से अधिक आयु के बच्चों के लिए किशोर वर्ग बनाया गया। दोनों वर्गों में प्रथम स्थान सहित पांच-पांच सांत्वना पुरस्कार प्रदान किए गए, जबकि सभी प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र एवं उपहार देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में लखन भैया, आत्म प्रकाश खुराना, अविनाश संत, ऋषि, भरत एवं पुनीत सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे।



















