जयपुर। खाकी वर्दी के पीछे छिपे संवेदनशील चेहरे की मिसाल पेश करते हुए जयपुर ग्रामीण पुलिस के वर्ष 1998 बैच ने साथी जवान के परिवार की मदद के लिए एकजुटता दिखाई है। बैच के पुलिसकर्मियों ने अपने एक दिन का वेतन एकत्र कर दिवंगत हेड कांस्टेबल जयदेव गुर्जर के परिवार को 2,29,500 की आर्थिक सहायता प्रदान की। जानकारी के अनुसार दूदू थाने में तैनात हेड कांस्टेबल जयदेव गुर्जर 10 मई को ड्यूटी के दौरान सड़क हादसे में गंभीर घायल हो गए थे। उन्हें जयपुर के एसएमएस अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान 18 मई को उनका निधन हो गया।
साथी जवान की मौत के बाद जयपुर ग्रामीण पुलिस के 1998 बैच ने मानवीय पहल करते हुए सहायता अभियान चलाया। रविवार को बैच के प्रतिनिधि एएसआई महेश गहलोत, मदनलाल सामोता, हेड कांस्टेबल बहादुर सिंह रैया और रोहिताश्व यादव ने जयदेव गुर्जर के घर पहुंचकर उनके पुत्र मनोज गुर्जर और परिजनों को सहायता राशि सौंपते हुए श्रद्धांजलि दी।
करीब 28 साल पुराना यह बैच आज भी आपसी भाईचारे और सामाजिक सरोकारों के लिए जाना जाता है। इस बैच के कई पुलिसकर्मी पदोन्नति पाकर सीआई स्तर तक पहुंच चुके हैं, लेकिन साथियों के प्रति अपनापन और सहयोग की भावना आज भी कायम है।
पुलिसकर्मियों की इस पहल को पुलिस विभाग में मानवीय संवेदनाओं और भाईचारे की प्रेरणादायक मिसाल माना जा रहा है।



















