जयपुर। अधिकमास के पावन अवसर पर गलता गेट स्थित श्री गीता गायत्री मंदिर में मंगलवार से श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ हुआ। कथा के शुभारंभ से पूर्व कनक बिहारी मंदिर से भव्य कलश एवं पोथी यात्रा निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं, संत-महंतों और शहर के गणमान्य नागरिकों ने भाग लिया।
प्रवक्ता नीतीश चैतन्य चतुर्वेदी ने बताया कि 15 जून तक आयोजित होने वाली श्रीमद्भागवत कथा पं. राजकुमार चतुर्वेदी के सान्निध्य में संपन्न हो रही है। कथा का वाचन एवं श्रवण श्रीधाम वृंदावन के विद्वान कथावाचक पंडित श्याम नारायण शास्त्री करवा रहे हैं।
कथा से पूर्व कनक बिहारी मंदिर से निकली भव्य शोभायात्रा श्रद्धा का केंद्र रही।
यात्रा में 151 से अधिक महिलाओं ने एक समान परिधान धारण कर सिर पर कलश रखकर भाग लिया। इस दौरान श्रद्धालुओं ने एक अनूठी पहल करते हुए आध्यात्मिक ग्रंथ श्रीमद्भगवद्गीता को सिर पर धारण कर भजन-कीर्तन करते हुए कथा स्थल तक यात्रा निकाली, जिसने सभी का ध्यान आकर्षित किया।
कथा स्थल पर पहुंचने के बाद संत-महंतों ने व्यासपीठ का पूजन-अर्चन एवं आरती कर भागवत कथा का विधिवत शुभारंभ किया। आयोजन में संत समाज अध्यक्ष शियारामदास महाराज, घाट बालाजी के सुदर्शनाचार्य महाराज, नहर के गणेशजी मंदिर के महंत जयकुमार महाराज, युवाचार्य मानव , परकोटा गणेश मंदिर के महंत अमित शर्मा, प्राचीन कांवतिया श्याम मंदिर के लोकेश मिश्रा, संयुक्त धर्म संसद अध्यक्ष पंकज शर्मा, डॉ. एस.पी. यादव, समाजसेवी हीरालाल सैनी, सौरभ प्रजापत, नितिन विजय सहित अनेक संत-महंत एवं गणमान्यजन उपस्थित रहे।
आयोजकों के अनुसार कथा का आयोजन प्रतिदिन सुबह 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक होगा। मंदिर की प्राचीन परंपरा के अनुसार अधिकमास के शुक्ल पक्ष में रामकथा तथा कृष्ण पक्ष में श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन किया जाता है। श्रद्धालुओं में कथा को लेकर विशेष उत्साह देखा जा रहा है।



















