जयपुर। चांदपोल के नींदड़ राव जी का रास्ता स्थित श्री नृसिंहजी मंदिर अग्रवाल पंचायती में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा में सोमवा को भगवान कृष्ण की बाल लीला, गोवर्धन धारण का प्रसंग हुआ। छप्पन भोग की झांकी सजाई गई। व्यासपीठ से गोपालदास महाराज ने कहा कि भगवान कृष्ण की बाल लीलाओं के दर्शन करने स्वर्ग से देवी-देवता गोपी-ग्वाल बनकर बृज में आए। गोवर्धन धारण लीला में उन्होंने कहा कि इंद्र का अभिमान दूर करने और ब्रजवासियों को प्रकृति का पुजारी बनने की प्रेरणा देने के लिए ही ठाकुर जी ने गोवर्धन लीला की।
समाजसेवी चंद्र मोहन बटवाड़ा, जयपुर व्यापार महासंघ के अध्यक्ष सुभाष गोयल माताजी मंदिर के महंत चंद्रशेखर शर्मा, पं. उमेश व्यास, विभिन्न मंदिरों के महंतों, जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिकों ने व्यासपीठ का पूजन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। आयोजनकर्ता महेश चंद्र अग्रवाल, पं. मनमोहन शर्मा, शिवराज वर्मा, विनोद सोनी, रमेश वर्मा ने सभी का दुपट्टा पहनाकर सम्मान किया।
मंदिर समिति अध्यक्ष चेतन अग्रवाल और महामंत्री कैलाश चंद्र अग्रवाल ने बताया कि सात दिवसीय कथा की पूर्णाहुति 28 मई को हवन के साथ होगी।



















