जयपुर। नगर निगम चुनाव में मतदान प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब जयपुर के 150 वार्डों के 723 प्रत्याशियों का भाग्य ईवीएम में कैद है। सभी ईवीएम भवानी निकेतन परिसर स्थित स्ट्रॉन्ग रूम में सुरक्षित रखी हुई हैं।
ईवीएम संग्रह का काम पूरा होने के बाद स्ट्रॉन्ग रूम पूरी तरह सील कर दिया गया । अब 14 सितंबर को सुबह 8 बजे से मतगणना शुरू होगी और इसके साथ ही जयपुर की अगली शहरी सरकार को लेकर तस्वीर साफ होने लगेगी।
इधर स्ट्रॉन्ग रूम की सुरक्षा के लिए परिसर में करीब 300 पुलिसकर्मियों और अधिकारियों की तैनाती की गई है। तीन पालियों में चौबीसों घंटे निगरानी की जा रही है। सुरक्षा व्यवस्था में किसी तरह की चूक नहीं हो, इसके लिए पुलिस लगातार सतर्क है।
गणेश चतुर्थी पर खुलेगा प्रत्याशियों के भाग्य का पिटारा
14 सितंबर को ही गणेश चतुर्थी है। ऐसे में मतगणना के दिन जयपुर के 150 वार्डों के 723 प्रत्याशियों की किस्मत का फैसला भी होगा। प्रत्याशियों और उनके समर्थकों की नजरें सुबह आठ बजे से शुरू होने वाली मतगणना पर रहेंगी। किसके सिर जीत का ताज सजेगा और किसकी उम्मीदों पर पानी फिरेगा, इसका फैसला ईवीएम खुलने के साथ होगा।
किस पर मेहरबान होंगे गणेशजी महाराज?
गणेश चतुर्थी के दिन जब शहर में गणपति के जयकारे गूंजेंगे, उसी दौरान मतगणना केंद्रों पर प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला होगा। राजनीतिक दलों ने बोर्ड बनाने के दावे किए हैं, वहीं निर्दलीय प्रत्याशियों की भूमिका पर भी निगाहें टिकी हैं। परिणाम सामने आने के बाद महापौर और उप महापौर के चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां और तेज होंगी।


















